महेवागंज चौकी पुलिस ने लखनऊ पुलिस को दी जानकारी
सात अगस्त को मड़ियांवा से बदमाशों ने किया था अगवा
लखनऊ के मड़ियांवा इलाके से दो दिन पहले अगवा हुआ बसंत विहार कॉलोनी निवासी 13 वर्षीय अभिषेक कश्यप बदमाशों के चंगुल से छूटकर मंगलवार को सदर कोतवाली लखीमपुर खीरी की महेवागंज पुलिस चौकी पहुंचा। खीरी पुलिस ने उसका पता ट्रेस करने के बाद उसके सकुशल पहुंचने के जानकारी थाना मड़ियांवा पुलिस को दी है।
मंगलवार शाम को अभिषेक कश्यप अचानक पुलिस चौकी महेवागंज पहुंचा। उसने पुलिस को बताया कि उसका घर मड़ियांवा इलाके के बसंत विहार कॉलोनी स्थित परशुराम मंदिर के करीब है। रविवार को वह बाइक रिपेयरिंग का काम सीखने के लिए घर से पैदल जा रहा था। रास्ते से चार पहिया वाहन सवार कुछ लोगों ने उसे पकड़ लिया और रुमाल सुंघा दिया, जिससे वह बेहोश हो गया। होश आने पर उसने अपने को चौपहिया वाहन मे देखा तो वह घबरा गया। वाहन में किसी को न देखकर वह चुपके से भाग निकला। बालक ने सूझबूझ दिखाई और पुलिस तक आ पहुंचा। बालक किस जगह से भागा यह उस स्थान को ठीक-ठीक नहीं बता पा रहा है। चौकी इंचार्ज धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि किशोर ने अपने अपहरण की बात बताई है। वह डरा-सहमा है। प्रयास है कि पहले उसे उसके माता पिता से मिलाया जाए। किशोर द्वारा बताए गए पते के मुताबिक मड़ियांवा पुलिस से संपर्क किया गया है। पुलिस लखनऊ पुलिस के आने का इंतजार कर रही है।
...तो किशोर ऐसे पहुंचा महेवागंज चौकी
बदमाशों के चंगुल से छूटकर भागते समय किशोर ने लोगों से मड़ियांवा चौकी का पता पूछा। राहगीरों ने उसे चौकी का पता दे दिया और वह महेवागंज चौकी तक आ पहुंचा। यहां की पुलिस द्वारा जब उसे पता लगा कि यह लखनऊ नहीं, जिला खीरी है तो वह रोने लगा। पुलिस ने उसे चुप कराते हुए पूछताछ की तो पुलिस को बच्चे के अपहरण की बात पता लगी।
पुलिस ने खिलाया खाना
बदमाशों के चंगुल से छूट कर महेवागंज तक पहुंचे किशोर ने पुलिस को बताया कि बदमाशों ने उसे भूखा-प्यासा रखा। बालक की हालत देख पुलिस का दिल पसीज गया और उसने उसे किशोर को मेस में भोजन कराया।