- 20 लोग नामजद, 40 पुरुष 25 महिलाएं अज्ञात
- शराब पकड़ने गई टीम के साथ मारपीट का मामला
गांव बक्कशपुरवा में रविवार को शराब पकड़ने गई पुलिस टीम और ग्रामीणों के बीच विवाद हो गया था। इस मामले में सदर कोतवाली पुलिस ने 20 लोगों को नामजद कर अज्ञात 40 पुरुष और 25 महिलाओं के खिलाफ बलवा, मारपीट सहित कई गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
बता दें कि अवैध कच्ची शराब बनाने की सूचना पर रविवार को महेवागंज चौकी पुलिस ने गांव बक्कशपुरवा में दबिश दी थी। इस दौरान पुलिस और ग्रामीणों में नोकझोंक और मारपीट हुई थी। पुलिस ने मौके से एक बाइक को कब्जे में लिया था। इस मामले में सदर कोतवाली पुलिस ने चौकी इंचार्ज संजय कुमार सिंह की ओर से गांव बक्कशपुरवा के 20 लोगों को नामजद कर 40 पुरुष और 25 महिलाओं के खिलाफ धारा 147, 148, 149, 332, 353, 225, 504, 506 और सात क्रिमनल एक्ट के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली है। चौकी इंचार्ज द्वारा दर्ज कराई गई रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस ने दबिश के दौरान गांव के ही रमेश, गनेश, पप्पू और राकेश को शराब के साथ पकड़ा था। पुलिस लिखा पढ़ी कर रही थी कि इसी बीच ग्रामीण लाठी, डंडा और अवैध असलहा लेकर आ गए और धमकियां देने लगे। पुलिस के साथ मारपीट कर चारों आरोपियों को छुड़ा ले गए। सदर कोतवाल दीपक शुक्ल ने बताया कि चौकी इंचार्ज की तहरीर पर सभी आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।
यह ग्रामीण किए गए नामजद
रमेश पुत्र कल्लू, रमेश पुत्र अगने, पप्पू, राकेश, किशन, ध्रुव, धर्मदास, लक्ष्मी, हंसराम, अवधेश, राजकिशोर, श्रवण, अच्छेलाल, मलिखे, कैलाश, मिथुन, झुर्री, प्रदीप, गद्दार, गुरुवचन और 40 पुरुष, 25 महिलाएं अज्ञात।
एएसपी से मिलकर ग्रामीणों ने की शिकायत
गांव बक्कशपुरवा के बड़ी संख्या में लोग महिलाओं के साथ एसपी दफ्तर पहुंचे। ग्रामीणों ने मौके पर पहुंचे एएसपी दीपेंद्र नाथ चौधरी को बताया कि गांव के किनारे कंडवा नदी है, जहां पुलिस की मिलीभगत से अवैध कच्ची शराब बनाने के काम होता है। पुलिस शराब बनाने वालों से हफ्ते में वसूली करती है। पुलिस घरों में तलाशी लेने के नाम पर गांव वालों को प्रताड़ित करती है। घर में घुसकर महिलाओं से छेड़छाड़ और लूटपाट भी करने में गुरेज नहीं करती। रविवार को भी पुलिस ने घरों में घुसकर महिलाओं से छेड़छाड़ और तोड़फोड़ की। एएसपी ने ग्रामीणों को जांच के बाद आरोपी पुलिस वालों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया, तब जाकर ग्रामीण शांत हुए और वापस लौट गए।
एएसपी करेंगे ग्रामीणों के आरोपों की जांच
बक्कशपुरवा में ग्रामीणों और पुलिस के बीच टकराव हुआ था। किसी भी निर्दोष व्यक्ति के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी। ग्रामीणों ने उन्हें जो तहरीर देकर आरोप लगाए हैं। उसकी जांच वह खुद करेंगे।
- दीपेंद्र नाथ चौधरी, एएसपी