- दोनों के खिलाफ पुलिस ने की कार्रवाई
तीन लोगों के खिलाफ पुत्र की हत्या करने का झूठा मुकदमा लिखाने वाले सीतापुर जिले के थाना हरगांव के गांव ककराही निवासी सतीश वर्मा और उसके जीवित बरामद हुए पुत्र सतीश वर्मा को पुलिस ने हिरासत में लिया है। पुलिस अब दोनों के खिलाफ झूठी शिकायत दर्ज कराने के आरोप में कार्रवाई करेगी।
बतादें कि थाना हरगांव क्षेत्र के गांव ककराही निवासी विपिन वर्मा 26 अक्तूबर 2014 को दूध लेकर लखीमपुर आया था, फिर वापस घर नहीं पहुंचा। परिजनों को तलाश के दौरान उसकी बाइक और दूध के डिब्बे मिल गए थे। सदर कोतवाली पुलिस के रिपोर्ट दर्ज न करने पर विपिन वर्मा के पिता सतीश वर्मा ने अदालत में अर्जी देकर पुत्र की हत्या करने का थाना खीरी के गांव बेलहरी निवासी विजय, अंबरसोत निवासी मोहन और बाजूडीहा निवासी बिल्लू सिंह पर आरोप लगाया था। 12 सितंबर को कोर्ट ने तीनों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश दिए थे। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने तीनों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली थी। पुलिस ने जब मामले की जांच की तो उसके जीवित होने की जानकारी मिली। सदर कोतवाल दीपक शुक्ल ने बताया कि पुलिस ने जब मृतक बताए जा रहे विपिन का नंबर ट्रेस किया तो उसकी लोकेशन जम्मू कश्मीर में मिली। इस बीच वह अपनी पत्नी और पिता आदि से बातचीत भी करता रहा और जम्मू से पिता के खाते में पैसे भी भिजवाता था। बुधवार को वह अपनी रिश्तेदारी में आया था, जिसे मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने दबोच लिया। पकड़े गए विपिन के पिता का कहना है कि उसकी आरोपियों से पुत्री की विदाई को लेकर पुरानी रंजिश चल रही थी। इसी रंजिश के चलते सबक सिखाने के लिए उसने झूठा मुकदमा दर्ज कराया था। उन्होंने बताया कि झूठा मुकदमा दर्ज कराने के आरोप में पिता-पुत्र को हिरासत में लिया गया है। दोनों के कोर्ट में बयान कराए जाएंगे। इसके बाद झूठा मुकदमा दर्ज कराने के आरोप में कार्रवाई भी की जाएगी।