युवक की मां पर था बैंक का कर्ज, हेराफरी की जांच के लिए पहुंची थी बैंक की टीम
मैलानी थाना क्षेत्र की कुकरा पुलिस चौकी अंतर्गत गांव लौकिहा निवासी किसान राकेश कुमार ने गुरुवार देर शाम जहर खाकर जान दे दी। बताया जाता है कि युवक की मां पर एक बैंक का कर्ज बकाया था। कर्ज लेने में की गई हेराफेरी की जांच करने गए बैंक अधिकारियों के दल को देख राकेश घबरा गया और उसने जहर खा लिया। किसान के परिवारीजनों ने इसकी सूचना थाना मैलानी को दी है। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
बताया जाता है कि वर्ष 2007 में कुकरा स्थित एक बैंक से राकेश ने अपनी मां के नाम पर कर्ज लिया था। कर्ज की पत्रावली में नाम तो भगवता देवी का है लेकिन फोटो राकेश की पत्नी सुनीता का लगा हुआ है। भगवता के पिता का नाम परवन तो पति का नाम राकेश लिखा है। इसी जालसाजी की जांच करने बैंक अधिकारियों का दल गुरुवार दोपहर गांव लौकिहा गया था। बैंक अधिकारियों को देख राकेश डर गया और उसने जहर खा लिया। इससे उसकी मौत हो गई।
बैंक अधिकारियों की माने तो दस्तावेजों में मृतक किसान राकेश कुमार की मां मृतक भगवता देवी पुत्री परवन पत्नी राकेश कुमार की भूमि पर किसी फर्जी महिला का फोटो लगाकर निकाले गए क्रमश: एक लाख और तीस हजार रुपये कर्ज की जांच करने गए थे। मामले की जांच के बाद बैक अधिकारी गांव से वापस चले आए।
बताया जाता है कि बैंक अधिकारियों के गांव से जाने के बाद ही राकेश ने जहर खा कर जान दे दी। राकेश की मौत के बाद परिवारीजनों ने पुलिस को दी तहरीर में बैंक अधिकारियों पर कर्ज वसूली के नाम पर डराने धमकाने का आरोप लगाया है। थाना मैलानी के प्रभारी इंसपेक्टर एसएन द्विवेदी ने इस संबध में बताया कि मामले की जांच के बाद दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होगी।