29 एलकेएच 20, 21, 22, 23, 24, 25 और 26
तालाब में मिला युवक का शव, पुलिस चौकी में तोड़फोड़
बसों पर पथराव कर तोड़े शीशे, पुलिस ने लाठी फटकाकर भीड़ को खदेड़ा
एसपी मौके पर पहुंचे, कई थानों की फोर्स तैनात
अमर उजाला ब्यूरो
लखीमपुर खीरी। गांव पिपरिया में जुआ अड्डे पर छापे के समय धरपकड़ के दौरान गायब हुए 23 वर्षीय युवक का सोमवार की शाम शव तालाब में मिला। गुस्साए ग्रामीणों ने एलआरपी चौराहा पर जाम लगा दिया और पथराव कर वाहनों में तोड़फोड़ कर दी। उग्र लोग पुलिस चौकी में भी घुस गए और तोड़फोड़ की। पुलिस ने हालात बेकाबू होने पर लाठियां फटकार कर भीड़ को तितर-बितर कर दिया। बवाल की सूचना पर एसपी समेत कई अफसर भी मौके पर पहुंच गए। पुलिस बवालियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की तैयारी कर रही है।
शनिवार को शहर के सटे गांव पिपरिया में सीओ क्राइम प्रदीप सिंह ने स्वॉट टीम के साथ छापा मारा था। इस दौरान पुलिस ने 11 जुआरियों को गिरफ्तार कर लिया था। छापे के बाद से वहां मौजूद मोहल्ला राजगढ़ निवासी 23 वर्षीय अभिषेक मित्तल गायब हो गया था। उसके भाई अमन मित्तल ने रविवार को ही भाई के गायब होने की तहरीर दी थी। पुलिस ने गुमशुदगी तो दर्ज कर ली, लेकिन यह मानने को तैयार न थी कि वह तालाब में कूद गया है, जबकि सभी तालाब तलाश कराने को कह रहे थे। इस पर उग्र लोगों के रविवार की शाम एलआरपी पर जाम लगाने के बाद पुलिस हरकत में आ गई। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से रात में ही गोताखोर तालाब में उतारकर तलाश कराई, लेकिन अंधेरा होने के कारण आ रही दिक्कतों के कारण अभियान रोक दिया गया था। सोमवार की सुबह शहर कोतवाल अशोक कुमार पांडेय ने शारदानगर से छह गोताखोर बुलाए और तालाब में तलाश शुरू कराई। तालाब में जलकुंभी आदि होने के कारण गोताखोरों को दिक्कत हुई। दोपहर तक तालाब का मामूली हिस्सा ही खंगाला जा सका। इससे लोग आक्रोशित हो उठे और एलआरपी चौराहा पहुंचकर हाईवे पर जाम लगा दिया। हालांकि कोतवाल ने भीड़ को समझाने की कोशिश की, लेकिन लोग नहीं माने। लोगों का आरोप था कि पुलिस और प्रशासनिक अफसर कोई मदद नहीं कर रहे हैं। ग्रामीण तालाब को साफ कराने और उसका पानी निकलवाकर तलाश कराने की मांग कर रहे थे। बाद में सीओ सिटी आरके वर्मा के समझाने पर लोग माने, तब आधे घंटे बाद जाम खुल सका। शाम करीब साढ़े छह बजे अभिषेक का शव तालाब से गोताखोरों ने खोज लिया। शव मिलते ही लोग उत्तेजित हो गए और बवाल शुरू कर दिया। उपद्रवियों ने बसों पर पथराव करने के साथ ही तोड़फोड़ शुरू कर दी। लोग एलआरपी पुलिस चौकी में घुस गए और खिड़कियों में लगे शीशे तोड़ डाले। कुर्सियां इधर-उधर फेक दीं। चौकी पुलिस जान बचाकर भागी। इस पर कई थानों का फोर्स बुला लिया गया। पुलिस ने हालात बेकाबू होने पर लाठियां फटकारीं। तब लोग भागे। एसपी रामलाल वर्मा, एडीएम अरुण कुमार सिंह, एएसपी घनश्याम चौरसिया भारी फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। हालात सामान्य होने के बाद भी मौके पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
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युवक किन हालात में तालाब में कूदा। इसकी जांच की जाएगी। तोडफ़ोड़ और पथराव करने वालों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जा रही है। बवालियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
रामलाल वर्मा, एसपी
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डीएम आवास पर सपा नेताओं को रोका
लखीमपुर खीरी। एलआरपी चौराहा पर हुए पथराव और तोडफ़ोड़ की घटना के बाद सपा एमएलसी शशांक यादव, पूर्व विधायक उत्कर्ष वर्मा सहित कई सपा नेता मृतक के ताऊ शिव कुमार मित्तल और कई लोगों के साथ डीएम से मिलने उनके आवास पर पहुंचे। डीएम आवास गेट पर खड़े सुरक्षाकर्मियों ने सपा नेताओं और भीड़ को गेट पर ही रोक दिया, जबकि मृतक के ताऊ शिव कुमार सहित तीन अन्य लोगों को डीएम के पास भेजा। इससे सपा नेता और भीड़ काफी देर तक गेट पर ही खड़ी रही।
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.... तो मकान में नहीं तालाब किनारे पकड़ा जुआ
लखीमपुर खीरी। पुलिस भले ही गांव पिपरिया में एक मकान में जुआ पकड़े जाने का दावा कर रही होए, लेकिन ग्रामीणों ने इस दावे को सिरे से खारिज कर दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि पुलिस ने तालाब किनारे जुआ पकड़ा था। जिस स्थान पर जुआ पकड़ा गया। उस जगह कई लाख रुपये का जुआ कई दिनों से हो रहा था।
बतादें कि शनिवार की रात सीओ क्राइम प्रदीप सिंह ने स्वॉट टीम प्रभारी शिवकुमार के साथ गांव पिपरिया में छापा मारा था। पुलिस का दावा है कि टीम ने गांव निवासी राकेश वर्मा के घर पर दबिश थी। इस दौरान 11 लोगों को गिरफ्तार कर 96 हजार रुपये की नकदी, ताश के पत्ते, मोबाइल और बाइक बरामद की थीए लेकिन ग्रामीण पुलिस के दावे को सिरे से खारिज कर रहे हैं। ग्रामीण का कहना है कि लाखों का जुआ तालाब के पास बने एक शौचालय के पीछे कई दिनों से हो रहा था। पुलिस जो घटना स्थल बता रही है वह तालाब से करीब दो सौ मीटर दूर है। ग्रामीणों की मानें तो छापे के दौरान करीब 15.20 लोग जुआ खेल रहे थे। पुलिस ने जब छापा मारा तो कुछ लोग तालाब में कूद गए थे। पुलिस ने जो हाथ लगा उसे जमकर पीटा भी था। तालाब में लोगों को कूदते देख पुलिस पकड़े गए आरोपियों को लेकर रफूचक्कर हो गई थी।