फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

राजापुर में शराब पकड़ने गई पुलिस टीम को पीटा

विज्ञापन
विज्ञापन
खमरिया (लखीमपुर खीरी)। थाना ईसानगर क्षेत्र के गांव राजापुर बाजार में कच्ची शराब पकड़ने गई पुलिस टीम पर कुछ लोगों ने महिलाओं के साथ हमला बोल दिया। टीम में शामिल दरोगा, एक सिपाही और होमगार्ड को पीटा और पकड़ी गई शराब, उपकरण आदि सामान छीनकर हमलावर भाग निकले। इस मामले में दरोगा की ओर से महिलाओं समेत करीब 24 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
विज्ञापन

राजापुर बाजार में कच्ची शराब का कारोबार बड़े पैमाने पर होता है। बाराबंकी में जहरीली शराब से घटना होने के बाद चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना ईसानगर के दरोगा आदित्यनाथ उपाध्याय शुक्रवार की रात सिपाही परितोष पांडेय और होमगार्ड के साथ गांव राजापुर के पास बह रहे नाले के नजदीक छापा मारने पहुंचे। पुलिस को आते देख शराब बना रहे लोग मौके से भाग निकले। पुलिस ने भारी मात्रा में शराब, लहन और शराब बनाने के उपकरण कब्जे में ले लिए। पुलिस बरामद माल को एकत्र कर उसे ले जाने के लिए वाहन की व्यवस्था करने लगी। इसी बीच ग्राम पंचायत का एक जनप्रतिनिधि और शराब के धंधेबाज मौके पर पहुंच गए। उन्होंने उपकरणों को न ले जाने की बात पुलिस से कही। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच बहस शुरू हो गई। इस पर उग्र हुए लोगों ने महिलाओं के साथ मिलकर टीम पर हमला कर दिया और पीटने लगे। पुलिस टीम ने किसी तरह से भागकर अपनी जान बचाई।
यहां तक पेज वन पर

राजापुर में पुलिस टीम पर हमले का मामला
खमरिया। जिले में खाकी पर हमले की यह कोई नहीं घटना नहीं है। लेकिन ईसानगर में हुई पुलिस पिटाई की घटना में जो बात सामने आई है, उससे पुलिस और कच्ची शराब माफिया का गठजोड़ उजागर हुआ है। जानकारों की माने तो राजापुर के नाले पर यह धंधा ग्राम पंचायत के एक जनप्रतिनिध और हलका पुलिस की शह पर कई सालों से बेधड़क चल रहा था।
विज्ञापन

राजापुर बाजार में कच्ची शराब का कारोबार बड़े पैमाने पर होता है। यहां बनाई गई शराब की सप्लाई राजापुर गांव और उसके आसपास के गांवों तक की जाती है। इस धंधे में हलका पुलिस और आबकारी विभाग के कर्मचारी भी शामिल रहते हैं। धंधे से जुड़े लोगों ने बताया कि वह जनप्रतिनिधि के माध्यम से हलका पुलिस को महीने में प्रत्येक भट्ठी से दो हजार रुपये देते हैं। पुलिस जब दबिश देने के लिए आई तो शराब माफिया और जनप्रतिनिधि ने कहा कि पैसा इसी बात का लेते हो, कम से कम हमारे उपकरण तो छोड़ दो। इस पर पुलिस टीम भड़क गई और दोनों के बीच हुआ विवाद इतना बढ़ गया कि माफिया ने महिलाओं के साथ मिलकर पुलिस टीम की पिटाई कर दी।

पुलिस के भय से आधे से अधिक गांव खाली
पुलिस की पिटाई होने के बाद गांव में पुलिस की दहशत है। जनप्रतिनिधि समेत इस धंधे से जुड़े लोग गिरफ्तारी के भय से अपने घरों को छोड़कर भूमिगत हो गए हैं। अधिकतर घरों में महिलाएं और बच्चे ही हैं। गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है।

गांव पहुंची टीम ने घरों में मचाया उत्पात
ग्रामीणों के हाथों पिटाई का शिकार हुई टीम की सूचना पर ईसानगर के थाना प्रभारी निरीक्षक अजय मिश्रा फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने कुछ शराब माफिया के घरों पर छापा मारा। इस दौरान घरों पर कोई नहीं मिला। इससे गुस्साई पुलिस ने चूल्हे, बर्तन, चारपाई आदि तोड़ डाली। इससे गांव में दहशत का माहौल है। प्रभारी निरीक्षक अजय मिश्र ने बताया कि दरोगा की तहरीर पर करीब 24 लोगों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने, मारपीट करने सहित कई धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है। आरोपियों को चिह्नित कर शीघ्र गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

वसूली की जानकारी नहीं है। पूरे मामले की जांच कराई जाएगी, जो पुलिसकर्मी इस धंधे में शामिल होगा। उसके विरुद्ध कड़ी विभागीय कार्रवाई होगी। दरोगा की ओर से 24 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। पुलिस पर हमला करने वाले लोगों को किसी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
विज्ञापन

पूनम, पुलिस अधीक्षक
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें