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घरवाले नहीं आए तो बहनोई ने की अंत्येष्टि

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लखीमपुर खीरी।
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मुठभेड़ के बाद से लेकर पोस्टमार्टम होने तक घरवालों और रिश्तेदारों के पोस्टमार्टम हाउस पर न पहुंचने से पुलिस महकमे में ऊहापोह की स्थिति बनी रही। पुलिस की काफी जद्दोजहद के बाद शाम करीब चार बजे पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे बग्गा के बहनोई को पुलिस ने शव सुपुर्द किया। बाद में शहर के मुक्ति धाम पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था में शव का अंतिम संस्कार कर दिया।
कुख्यात अपराधी बग्गा सिंह के कचहरी से फरार होने के बाद पुलिस की प्रताड़ना से उसका परिवार पूरी तरह से टूट गया था। उसी दौरान पिता सुरेंद्र सिंह घर, जमीन बेचकर परिवार के अन्य सदस्यों के साथ पंजाब चले गए थे। गांव वालों की मानें तो तब से उन्होंने अपने गांव मांझा की ओर मुड़कर नहीं देखा।
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एनकाउंटर में बग्गा के मारे जाने की सूचना के बाद भी परिवार, गांव और उसके रिश्तेदार न तो निघासन सीएचसी पहुंचे और न ही पोस्टमार्टम हाउस पर आए। निघासन पुलिस ने घरवालों का सात घंटे इंतजार किया, जब कोई नहीं पहुंचा तो मजिस्ट्रेट ने पंचायत नामा भर रात को शव पोस्टमार्टम को भेजा था। बुधवार को पोस्टमार्टम हाउस पर भी पुलिस ने ढाई बजे तक घर वालों और परिवार वालों का इंतजार किया, लेकिन कोई नहीं पहुंचा।
पोस्टमार्टम हाउस पर यूपी एसटीएफ के एएसपी विशाल विक्रम सिंह का कहना था कि कोतवाली तिकुनियां क्षेत्र में रहने वाली बग्गा सिंह की बहन ने भी शव लेने से इंकार किया है। ऐसे में पुलिस के पास सामाजिक संस्था के जरिए अंतिम संस्कार कराने के अलावा कोई और विकल्प नहीं है। इसके बाद करीब शाम चार बजे बग्गा सिंह का बहनोई सतपाल सिंह अपने पिता आदि के साथ पोस्टमार्टम हाउस पहुंचा। इस पर पुलिस ने लिखापढ़ी कर शव उनके सुर्पुद कर दिया। शहर के मुक्ति धाम पर शव ले जाया गया, जहां कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच सतपाल सिंह ने मुखाग्नि देकर शव का अंतिम संस्कार कर दिया।

एनकाउंटर के बाद जानलेवा हमले समेत दो मामले दर्ज 
निघासन खीरी।
यूपी एसटीएफ के अपर पुलिस अधीक्षक विशाल विक्रम सिंह की ओर से पुलिस ने मुठभेड़ को लेकर एनकाउंटर में मारे गए बग्गा के खिलाफ एसटीएफ टीम पर जान लेवा हमले सहित दो मामले दर्ज किए हैं। रिपोर्ट के अनुसार फायरिंग के दौरान बदमाशों की गोली एएसपी की बुलेट प्रूफ जॉकेट पर भी लगी थी।
रिपोर्ट में कहा है कि दो महीने से बग्गा सिंह के नेपाल बार्डर पर होने की सूचना मिल रही थी। बुधवार को मुखबिर ने बग्गा सिंह के गजियापुर की ओर से ढखेरवा की तरफ आने की सूचना दी थी। इस पर वह मुखबिर को साथ लेकर दुलही पुरवा साइफन के पास पहुंचे। उन्होंने टीम को ए और बी में बांट दिया था। दोनों टीमें नहर किनारे झाड़ियों और पेड़ों की आड़ में बैंठी थीं। साथ में मौजूद मुखबिर ने बाइक पर पीछे बैठ युवक की बग्गा के रूप में शिनाख्त की। बुलेट प्रूफ जॉकेट पहने एएसपी ने जब बाइक सवार को रोका तो चालक ने बाइक की स्पीड बढ़ा दी। भागते समय हड़बड़ाहट में बाइक गिर गई। इस पर टीम ने उसे घेर लिया तो दोनों ने टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।
चेतावनी के बाद भी बग्गा सिंह और उसका साथी फायर करता रहा। इस पर टीम ने जवाबी फायरिंग की। मुठभेड़ के दौरान एक गोली एएसपी को लगी, लेकिन बुलेटप्रूफ जॉकेट की वजह से बच गए। एसआई दिनेश भी गोली से बाल-बाल बचे। फायरिंग बंद हुई और टीम जब बग्गा सिंह के पास पहुंची तो वह घायल पड़ा था। इसके बाद उसे निघासन सीएचसी लाया गया, जहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। एसओ अजय सिंह यादव ने बताया कि एएसपी की ओर से यूपी एसटीएफ टीम पर जान लेवा हमला और 25 आम्र्स एक्ट का मामला बग्गा सिंह और एक अज्ञात के खिलाफ दर्ज किया गया है।

बग्गा सिंह खत्म हुआ पर गैंग नहीं
लखीमपुर खीरी। यूपी एसटीएफ की हुई मुठभेड़ के बग्गा मारा गया, इससे बग्गा के खौफ का अंत तो हो गया, लेकिन अभी उसके गैंग में कई शातिर अपराधी हैं, जो क्षेत्रों में सक्रिय हैं। पुलिस सूत्रों की मानें तो बग्गा सिंह के गैंग में शातिर बदमाशों की कमी नहीं है। बग्गा सिंह का नेटवर्क इंडो नेपाल सीमा से लेकर कोतवाली तिकुनियां, सिंगाही, चंदनचौकी, सदर कोतवाली गोला, भीरा सहित जिले के कई थानों और पीलीभीत सहित आसपास के जिलों में भी फैला हुआ है। गैंग के सदस्यों का एक ठिकाना नहीं हैं। सूत्रों की मानें तो बग्गा के गैंग में शातिर अपराधी शामिल हैं। यूपी एसटीएफ की मुठभेड़ में बग्गा सिंह के मारे जाने के बाद अब पुलिस के लिए गैंग के बदमाशों को पकड़ना चुनौती है।
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एसपी को साल ओढ़ाकर किया सम्मानित
लखीमपुर खीरी। ट्रेडर्स एंड इंडस्ट्रीज वेलफेयर एसोसिएशन ने कुख्यात अपराधी बग्गा सिंह के एनकाउंटर होने और गोला में अगवा छात्र की सकुशल बरामदी करने पर कार्यालय पहुंचकर एसपी डॉ. एस चन्नप्पा को बधाई दी और उन्हें शाल ओढ़ाकर सम्मानित किया। एसोसिएशन ने इसे बड़ी उपलब्धि बताई। एसोसिएशन ने 26 जनवरी पर एनकाउंटर में शामिल सभी अधिकारियों और पुलिसकर्मियों को सम्मानित करने का निर्णय लिया है। इस दौरान एसोसिएशन दिलीप गुप्ता, जिलाध्यक्ष रमेश अग्रवाल, जिला महिला अध्यक्ष पारुल गुप्ता, आदर्श व्यापार मंडल अव्ध्यक्ष महेश पुरी, राजेश अग्रवाल, नीरू बरनवाल, अशोक आदि रहे।
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