भारत-नेपाल की गौरीफंटा सीमा। संवाद
- फोटो : LAKHIMPUR
धनगढ़ी (नेपाल)। बीते नौ माह से भारतीयों के लिए गौरीफंटा-त्रिनगर बार्डर बंद है लेकिन अब इलाज कराने के लिए नेपाल जाने वाले भारतीय मरीजों के लिए गुरुवार से नाका खोल दिया गया है। जबकि अभी अन्य भारतीय लोगों के नेपाल जाने पर रोक जारी रहेगी।
कोविड-19 के चलते करीब नौ माह से भारतीय नागरिकों के नेपाल जाने पर रोक है, जिसके चलते प्रत्येक वर्ष सर्दी के मौसम में नेपाल के धनगढ़ी गेटा आंख अस्पताल में इलाज के लिए जाने वाले सैकड़ों भारतीय मरीजों को इलाज से वंचित होना पड़ रहा था। इसको लेकर गेटा आंख अस्पताल समिति के करुणाकर भट्ट ने कैलाली व कंचनपुर जिलाधिकारियों से वार्ता करने के बाद भारतीय आंख के मरीजों के लिए बार्डर खोलने की मांग की थी। जिस पर कैलाली व कंचनपुर जिलाधिकारी ने मरीजों के लिए बार्डर खोलने के निर्देश दे दिए हैं। गुरुवार को गौरीफंटा बार्डर से आंख के कई मरीज धनगढ़ी के गेटा अस्पताल के लिए गए हैं, जिनमें खुशी का माहौल है। हालांकि अब भी अन्य भारतीयों का नेपाल में प्रवेश बंद है।
स्वास्थ्य शिविर में बच्चों की हुई जांच
संपूर्णानगर। पब्लिक इंटर कॉलेज में गुरुवार को राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत सामुदायिक स्वास्थ्य विभाग पलिया की टीम ने स्वास्थ्य शिविर लगाया, जिसमें कई छात्र-छात्राओं के स्वास्थ्य की जांच की गई। सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र की स्वास्थ्य विभाग टीम की तरफ से राष्ट्रीय बाल कार्यक्रम के तहत लगे कैंप में डॉ दीपिका, डॉ सरताज मोहम्मद, स्टाफ नर्स शोभना मौर्य व काउंसलर निधि शाक्य ने उपस्थित विद्यार्थियों की जांच की और उनको स्वास्थ्य संबंधी जानकारियां दीं। इस दौरान उप प्रधानाचार्य अशोक कुमार सिंह सहित स्टाफ मौजूद रहा।