तिकुनियां। अफसरों की लापरवाही से नेपाल बॉर्डर क्षेत्र की बिजली आपूर्ति पूरी तरह से चरमरा गई है। सरकार ग्रामीण इलाकों में 18 घंटे बिजली सप्लाई करने का दावा तो करती है, लेकिन तिकुनियां उपकेंद्र के लापरवाह अफसरों के कारण क्षेत्र में सात से आठ घंटे ही बिजली सप्लाई हो रही है। बोर्ड परीक्षाएं सिर पर होने से छात्र भी परेशान हैं।
मौजूदा समय में बिजली का आलम यह है कि सुबह छह बजे चली जाती है। इसके बाद सुबह दस बजे आती है। एक घंटे बाद फिर गुल हो जाती है। शाम चार बजे फिर दो घंटे के लिए सप्लाई आती है। फिर आठ बजे से सुबह छह बजे तक बिजली कहने को ही रहती है। इस बीच कई बार बिजली दो-दो घंटे गायब हो जाती है। रात भर बिजली की आवाजाही और लो वोल्टेज की समस्या से उपभोक्ता काफी परेशान हैं। जिला पंचायत सदस्य कुलदीप शर्मा ने बताया अघोषित विद्युत कटौती से काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बिजली कटौती से बच्चों की पढ़ाई भी सुबह-शाम प्रभावित होती है। नगर व्यापार मंडल महामंत्री आशीष अग्रवाल ने बताया कि कई बार बिजली अधिकारियों को पत्र लिखकर रोस्टर के मुताबिक बॉर्डर इलाके में बिजली दिए जाने की मांग की गई, लेकिन नतीजा सिफर रहा।
ऊपर से कटौती होती है। इसमें हम लोग भी क्या करें। जल्द ही व्यवस्था ठीक हो जाएगी।
-विकास सिंह अवर अभियंता, उपकेंद्र (बिजली) तिकुनियां