लखीमपुर खीरी। जिले में संचालित होने वाले 3106 परिषदीय स्कूलों में से 249 ऐसे विद्यालय हैं, जहां पर बच्चों की संख्या 50 से कम है। हाल ही में शासन की ओर आदेश आने के बाद इन स्कूलों के बच्चों को पड़ोस के स्कूलों में मर्ज किया जाएगा। विभागीय अधिकारियों के अनुसार, प्राथमिक स्कूल में 30 बच्चों पर एक और उच्च प्राथमिक विद्यालय में 35 बच्चों पर एक शिक्षक की तैनाती होती है।
विभागीय आंकड़ों के मुताबिक 249 ऐसे विद्यालय हैं, जहां पर छात्र-छात्राओं की संख्या गिनती की है। कम संख्या वाले स्कूलों की सूची शासन की ओर से तलब की गई तो विभाग ने सूची तैयार करनी शुरू कर दी। विद्यालयों में बच्चों की कम संख्या के चलते इन स्कूलों के अस्तित्व पर संकट है। वहीं इन विद्यालयों में तैनात शिक्षकों में खलबली मच गई है।
200 स्कूल ऐसे हैं जहां पर बच्चों की संख्या 50 से कम है, वहीं 49 ऐसे स्कूल हैं जहां पर 20 से भी कम बच्चों का पंजीकरण है। हालांकि बच्चों को कितनी दूरी वाले स्कूलों में स्थानांतरित किया जाएगा, यह स्पष्ट नहीं है। बताया जा रहा है कि स्कूलों को आपस में संबद्ध करते समय बच्चों की सुरक्षा से लेकर स्कूलों की दूरी का ध्यान रखा जाएगा। इसमें ऐसे स्कूलों का एकीकरण नहीं होगा, जिनके बीच की दूरी अधिक हो या फिर बीच में नदी आदि आ रही हो।
बढ़ने के बजाय घट रही विद्यार्थियों की संख्या
परिषदीय स्कूलों में बच्चों के पंजीकरण बढ़े इसको लेकर साल में दो बार स्कूल चलो अभियान के तहत कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है। इन आयोजनों में लाखों की धनराशि भी व्यय होती है। तमाम गतिविधियां होने के बाद भी स्कूलों में बच्चों की संख्या बढ़ने के बजाय घटती जा रही है। हालांकि अधिकारी इस मामले में कुछ भी कहने से कतरा रहे हैं।
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शासन की ओर से डाटा मांगा गया है। सूची तैयार की जा रही है। उच्चाधिकारियों की ओर से जो आदेश मिलेंगे उनका अनुपालन किया जाएगा।
प्रवीण कुमार तिवारी, बीएसए
फैक्ट फाइल
जिले में कुल परिषदीय विद्यालय- 3106
एक से पांच तक- 1973
एक से आठ तक-727
छह से आठ तक-406
20 से कम छात्र संख्या वाले स्कूल- 49
50 से कम छात्र संख्या वाले स्कूल-200