खाद्य सुरक्षा अधिनियम को लेकर कलक्ट्रेट सभागार में एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। जिला पूर्ति अधिकारी डॉ. राकेश तिवारी की अध्यक्षता में हुई इस कार्यशाला में कोटेदारों के अलावा लखीमपुर नगर पालिका, ओयल और खीरी नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
कार्यशाला में डीएसओ डॉ. राकेश तिवारी ने खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत चयनित परिवारों का शुद्ध डेटा बेस तैयार करने के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने बताया कि खाद्य सुरक्षा अधिनियम प्रदेश में एक मार्च से लागू किया जा रहा है। डीएसओ ने कोटेदारों को खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत खाद्यान्न वितरण में आने वाली चुनौतियों और उनसे निपटने के बारे में बताया। कहा कि वितरण में पूरी पारदर्शिता बरतनी होगी।
डीएसओ ने कहा कि नगर पालिकाएं और नगर पंचायतें कोटेदारों के सहयोग से खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत चयनित पात्र परिवारों को ड्राफ्ट प्रारूप तत्काल वितरित कर दें। इसके लिए 19 और 20 फरवरी को सुबह 10 बजे से शाम पांच बजे तक सभी कोटेदार अपनी दुकानें खोलेंगे और ड्राफ्ट प्रारूप का वितरण करेंगे। अभी उन परिवारों को ड्राफ्ट प्रारूप दिए जाएंगे जिनका चयन दिसंबर 2015 तक हो चुका है। जनवरी और फरवरी में शामिल परिवारों को माह मार्च को ड्राफ्ट प्रारूप प्रदान किए जाएंगे।
उन्होंने बताया कि पात्र परिवारों के डेटा बेस में यदि कोई त्रुटि है तो ड्राफ्ट प्रारूप की छाया प्रति पर आवश्यक संशोधन कर जिला पूर्ति कार्यालय में जमा करना होगा। इसी के आधार पर डेटा बेस शुद्ध किया जाएगा। उन्होंने बताया कि अंत्योदय लाभार्थियों को पहले की तरह 35 किलो राशन दिया जाएगा जबकि खाद्य सुरक्षा के तहत चयनित अन्य लाभार्थियों को पांच किलो प्रति यूनिट की दर से खाद्यान्न वितरित किया जाएगा। मिट्टी का तेल शासन के अगले निर्देश तक पहले की तरह वितरित किया जाएगा। चीनी का वितरण भी अंत्योदय और बीपीएल लाभार्थियों को पहले की तरह जारी रहेगा।