लखीमपुर खीरी। शादियों का सीजन आते ही बाजारों में रौनक लौट आई है। इस बार दुल्हनों को पेस्टल शेड्स और एम्ब्रॉयडरी वाला लहंगा खूब भा रहा है। फ्यूजन स्टाइल्स जैसा साड़ी-गाउन भी ट्रेंड कर रहा है।
दुकानदारों ने बताया कि इस बार कई नए प्रकार के लहंगे बाजार में आए हैं। आइवरी, लैवेंडर, सेज ग्रीन और सैल्मन पिंक जैसे रंग दुल्हनों की पसंद आ रहे हैं। मिरर वर्क, आरि एम्ब्रॉयडरी, कश्मीरी थ्रेडवर्क और जरदोजी से सजे ए-लाइन व ट्रेल सिल्हूट्स वाले लहंगे छाए हुए हैं।
डबल दुपट्टे, डिटैचेबल केप्स और थ्रीडी फ्लोरल एम्बेलिशमेंट्स के साथ लाइटवेट फैब्रिक्स जैसे जॉर्जेट, नेट और वेलवेट की मांग बढ़ी है। चिकनकारी और बुनकरसी लहंगे सस्टेनेबिलिटी के नाम पर हिट हैं। साड़ियों में सिल्क, बनारसी, कांजीवरम और पैठणी जैसे ट्रेडिशनल फैब्रिक्स की रौनक है। पेस्टल साड़ियां सिल्वर एम्ब्रॉयडरी के साथ चलन में हैं, जबकि मेटालिक गोल्ड और बोल्ड कलर पैलेट्स वाली प्री-ड्रेप्ड साड़ियां रिसेप्शन के लिए पॉपुलर हैं।
सहालग शुरू हो गए हैं। ग्राहकों की भीड़ भी बढ़ रही है। इस बार अलग-अलग तरह के कलेक्शन बाजार में आए हैं, जो महिलाओं को काफी पसंद आ रहे हैं। इस बार अच्छी बिक्री की उम्मीद है।
प्रतीक शेखर, कपड़ा व्यापारी
सहालग के लिए अच्छी-खासी तैयारी कर ली है। बाजार में कई तरह के नए लहंगे आ गए हैं। इसमें पेस्टल शेड्स, एम्ब्रॉयडरी व कई तरह के डिजायनर लहंगे महिलाओं को भा रहे हैं।
संध्या वर्मा, ग्राहक
ये है कीमत
गार्लिस लहंगे :: 1500 से 12000 रुपये
वेलवेट एंब्रायडरी लहंगे :: 3000 से 40000 रुपये
पेस्टल साड़ियां सिल्वर इंब्रॉयडरी में :: 2500 से 15000 रुपये
बनारसी डोला सिल्क साड़ियां :: 1000 से 7000 रुपये
शहर की खपरैल बाजार में कपड़े की दुकान पर लहंगे व साड़ियां देखतीं महिलाएं। संवाद
शहर की खपरैल बाजार में कपड़े की दुकान पर लहंगे व साड़ियां देखतीं महिलाएं। संवाद