रामालक्ष्ना गांव के गायत्री मंदिर में छह साल से कर रहे थे पूजन-अर्चन
परिवार के लोग पहुंचे, शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया
भीरा थाना क्षेत्र के रामालक्ष्ना गांव के गायत्री मंदिर के पुजारी की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। सोमवार शाम को आरती के समय अचानक हार्न की आवाज बंद मिलने पर मंदिर पहुंचे लोगों ने देखा कि पुजारी के पास में माइक पड़ा है और उनके सिर से खून बह रहा है। लोगों ने करंट लगने से मौत होने की आशंका जाहिर करते हुए पुलिस और परिवार वालों को सूचना दी है। मंगलवार को पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
बहराइच जिले के गांव गढ़ैयाकला पोस्ट भवनियापुर बनघुसरी के मूल निवासी यादव राम (40) पिछले छह साल से भीरा थाना क्षेत्र के रामालक्ष्ना गांव के गायत्री प्रज्ञा मंदिर पर रहकर पूजन अर्चन करते थे। सोमवार शाम करीब 7:30 बजे मंदिर में शाम की आरती होने के बाद माइक से भजन कार्यक्रम चल रहा था। बताते हैं कि मंदिर में पुजारी अकेले थे। तभी अचानक हार्न बंद हो गए, लाइट होने एवं हार्न बंद होने के बाद कुछ लोग मंदिर ये देखने पहुचे कि हार्न क्यों बंद हो गए। उन लोगों ने देखा कि माइक से कुछ दूरी पर पुजारी यादवराम फर्श पर पड़े हैं और सिर से खून बह रहा है, पास जाकर उनके मौत होने की जानकारी हुई। लोगों ने शक जताया कि माइक में करंट उतरने से पुजारी जी को झटका लगा होगा और सिर दीवार में टकराने से उनकी मौत हो गई। रात को पुलिस को सूचना देने के साथ ही बहराइच में उनके परिवार को भी फोन किया गया। सुबह परिवार वालों के पहुंचने पर पुलिस ने पुजारी की मौत का कारण जानने के लिए शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।