जिला पंचायत और क्षेत्र पंचायत सदस्य पद पर होने वाले चुनाव के लिए मतदान का चरण तय कर दिया गया है। हालांकि मतदान की तारीखें अधिसूचना लागू होने के बाद ही तय की जाएंगी।
इसके मुताबिक पहले चरण में मोहम्मदी तहसील क्षेत्र के मोहम्मदी, पसगवां, मितौली और बेहजम में मतदान होगा। दूसरे चरण में बांकेगंज, बिजुआ, कुंभी और फूलबेहड़ में वोट डलवाए जाएंगे। इसी क्रम में तीसरे चरण में धौरहरा, ईसानगर, नकहा और लखीमपुर ब्लाक में मतदान होगा। चौथे यानि आखिरी चरण में पलिया, निघासन और रमियाबेहड़ में मतदान कराया जाएगा। बता दें कि इस चुनाव कार्यक्रम में वर्ष 2010 में कराए गए मतदान में आंशिक संशोधन किया गया है। जिला पंचायत और क्षेत्र पंचायत सदस्य पद पर चरणवार होने वाले इस चुनाव कार्यक्रम पर प्रशासन ने मुहर लगा दी है। चुनाव कार्यक्रम तय होने के बाद अब अधिसूचना का इंतजार है। इसके बाद ब्लाकवार मतदान के लिए तिथि घोषित कर दी जाएगी। वहीं जिला पंचायत सदस्य पद के लिए जिला मुख्यालय पर नामांकन होगा, जबकि क्षेत्र पंचायत सदस्य के लिए संबंधित ब्लाक मुख्यालय पर नामांकन किया जाएगा।
आरक्षित वर्ग के लिए आधी होगी नामांकन फीस
जिला पंचायत और क्षेत्र पंचायत सदस्य पद पर होने वाले नामांकन के लिए आरक्षित वर्ग को तय फीस से आधा शुल्क ही जमा करना पड़ेगा। इसी तरह आरक्षित वर्ग को जमानत राशि भी आधी ही जमा करनी है। जबकि सामान्य वर्ग को नामांकन के लिए पूरी फीस जमा करनी है।
15 आरओ और 156 एआरओ होंगे नियुक्त
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए प्रशासन की तैयारी जोरों पर है। चुनाव सम्पन्न कराने के लिए 15 जिला स्तरीय अधिकारियों को आरओ बनाया गया है। वहीं जिले की 156 न्याय पंचायतों के लिए इतने ही एआरओ नियुक्त किए जाने हैं। एआरओ की नियुक्ति के लिए एनआईसी में पिछले कई दिनों से माथापच्ची की जा रही है लेकिन अभी तक एआरओ की सूची फाइनल नहीं हो पाई है। वहीं सूत्रों के मुताबिक एडीओ पंचायत को विशेष परिस्थितियों में दूसरे ब्लाकों में एआरओ बनाकर भेजा जा सकता है। इधर एडीएम एसपी सिंह ने बताया कि जल्द ही आरओ और एआरओ की सूची फाइनल कर दी जाएगी।
मतदान केंद्रों पर माथापच्ची जारी
जिले में मतदान केंद्रों की सूची अभी फाइनल नहीं हो पाई है। दो दिन पहले तहसीलों से आए प्रस्तावों में गड़बडिय़ां मिलने के बाद सभी एसडीएम को दोबारा प्रस्ताव देने को कहा गया था। लेकिन रविवार को भी कई एसडीएम ने निर्वाचन कार्यालय को मतदान केंद्रों से संबंधित प्रस्ताव नहीं भेजा था। इसे लेकर अभी माथापच्ची जारी है।