कपड़ा लदे वाहन को रोका, मोबाइल भी छीना
एसएसबी की कार्यप्रणाली के विरोध में व्यापारियों ने दी दुकानें बंद करने की चेतावनी
तिकुनिया। भारत-नेपाल सीमा पर स्थित खखरोला एसएसबी पोस्ट पर तैनात सहायक कमांडेंट संजय पर कस्बे के व्यापारी आशीष अग्रवाल के कर्मचारी माता प्रसाद की पिटाई का आरोप है। पीड़ित कर्मचारी का कहना है कि सहायक कमांडेंट ने पूरे कागजात होने के बावजूद वाहन रोककर उससे अभद्रता की। एसएसबी की कार्यप्रणाली के विरोध में व्यापारियों ने दुकानें बंद करने की चेतावनी दी है।
नगर व्यापार मंडल के महामंत्री आशीष अग्रवाल ने बताया कि उनका नेपाल से कपड़े का व्यापार काफी लंबे समय से होता आ रहा है। उन्होंने बताया कि उनके कर्मचारी माता प्रसाद जवाहर पिकअप में 51 गांठ कपड़ा लेकर नेपाल जा रहे थे। पूरे कागजात होने के बावजूद सीमा पर खखरौला पोस्ट एसएसबी पर जांच के दौरान विवाद हो गया। इस बीच वहां तैनात सहायक कमांडेंट संजय ने उनके कर्मचारी माता प्रसाद को कपड़े की गांठें खोलकर दिखाने को कहा, कर्मचारी ने वैसा ही किया, बावजूद इसके उन्होंने वाहन रोके रखा और कर्मचारी का फोन भी छीन लिया। आरोप है कि सहायक कमांडेंट ने कर्मचारी की पिटाई भी की।
एसएसबी ने जवाहर और माता प्रसाद को चौकी पर बैठा लिया, जिसकी सूचना माता प्रसाद ने किसी तरह आशीष अग्रवाल को दी। आशीष अग्रवाल ने मामले की जानकारी कस्टम इंस्पेक्टर अभिषेक सिंह को दी। उन्होंने मौके पर जाकर सहायक कमांडेंट से बात की। तब जाकर एसएसबी ने कपड़ा नेपाल ले जाने दिया और मोबाइल भी लौटा दिया।
एसएसबी कमांडेंट के इस व्यवहार से व्यापारियों में रोष है। आशीष अग्रवाल ने बताया कि सहायक कमांडेंट की शिकायत एसएसबी के महानिदेशक, केंद्रीय गृह राज्यमंत्री, मुख्यमंत्री, जिला कमांडेंट सशस्त्र सीमा बल, गृह सचिव के साथ तिकुनिया कोतवाली में दी है।
एसएसबी सहायक कमांडेंट संजय ने बताया की इसकी जानकारी हम उच्चाधिकारियों को देंगे यहां सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। जांच में जो बात सामने आएगी, हम आपको बता देंगे। मारपीट के बाबत अन्य कोई जानकारी देने से इनकार किया।
उधर, तिकोनिया कस्टम कार्यालय के इंस्पेक्टर अभिषेक सिंह ने बताया कि खखरोला पोस्ट चौकी में गया था, जो कपड़ा रोका गया था उसके बाबत जानकारी ली गई है। मारपीट मेरे सामने नहीं हुई।