छह दलों के जनता परिवार में विलय को लेकर भले ही राष्ट्रीय स्तर पर हलचल मची हो, लेकिन जिले में इसका कोई असर नहीं दिखाई दे रहा है। यहां सपा को छोड़कर गठबंधन में शामिल अन्य पार्टियों के पदाधिकारी ढूंढे नहीं मिल रहे हैं। यूं कहें कि अन्य दलों का जनाधार भी यहां लगभग न के बराबर है। हालांकि सपा जिलाध्यक्ष अनुराग पटेल कहते हैं कि गठबंधन से राष्ट्रीय स्तर पर जनता परिवार को मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि अब हम पांच-छह प्रदेशों में मजबूती के साथ चुनाव लड़ पाएंगे और सांप्रदायिक ताकतों से एकजुट होकर लड़ सकेंगे। चूंकि जनता परिवार के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव हैं, इसलिए पार्टी को इससे वैचारिक मजबूती भी मिलेगी।
इन पार्टियों का नहीं है अस्तित्व
खीरी जिले में इनेलो, जदयू, राजद, सजपा और जदएस का कोई नामलेवा नहीं है। चुनाव आने पर इन पार्टियों के पदाधिकारी दिखने लगते हैं, लेकिन चुनाव बीतने के बाद कोई नजर नहीं आता।