संपूर्णानगर। पुलिस हिरासत में किशोर की पिटाई से मौत का आरोप लगाकर परिजन और ग्रामीणों ने रविवार सुबह नौ बजे खजुरिया-पलिया मार्ग पर जाम लगा दिया। किशोर को मोबाइल चोरी के आरोप में हिरासत में लिया गया था। परिजन का आरोप है कि पुलिस की पिटाई से किशोर की हालत बिगड़ी और अस्पताल में उसकी मौत हो गई। सूचना पर पहुंचे पुलिस और प्रशासन के अफसरों ने समझाने की कोशिश की लेकिन वे पुलिसकर्मियों पर मुकदमा दर्ज कर बर्खास्त करने की मांग पर अड़े रहे। अपराह्न 2:30 बजे के बाद डीएम से वार्ता कराने और दोषी पुलिस कर्मियों पर मुकदमा दर्ज करने के आश्वासन पर परिजन और ग्रामीण शांत हुए। इसके बाद जाम खुल सका।
इलाके के पेड़िया फार्म कमलापुर निवासी लक्षीराम के 16 वर्षीय पुत्र राहुल को पुलिस ने 19 जनवरी को मोबाइल चोरी के आरोप में हिरासत में लिया था। मामले में 19 जनवरी को मृतक के चाचा की तरफ से खजुरिया चौकी पर तहरीर दी गई थी, जिसके बाद पुलिस ने किशोर को हिरासत में लिया था। आरोप है कि पुलिस हिरासत के दौरान पुलिसकर्मियों ने उसकी बेहरहमी से पिटाई की और बाद में उसे छोड़ दिया। किशोर की तबियत बिगड़ने पर उसे रविवार को अस्पताल ले जाया गया तो उसकी मौत हो गई। उधर, किशोर की मौत से गुस्साए परिजन व ग्रामीणों ने शव को बीच सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। सूचना पर पहले थाना प्रभारी अनिल कुमार सैनी पहुंचे लेकिन उनकी ग्रामीणों ने एक न सुनी। पुलिस के खिलाफ नारे लगाए। इसपर तहसीलदार आशीष कुमार सिंह, सीओ संजय नाथ तिवारी भी मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास शुरू किया। काफी मान मनौव्वल के बाद परिजन की तहरीर पर पुलिस ने कार्रवाई किए जाने की बात कही। साथ ही पुलिसकर्मियों पर मुकदमा लिखकर जांच कर सस्पेंड कराए जाने का आश्वासन दिया। डीएम से वार्ता कराई गई जिसमें पांच लाख रुपये का लिखित आश्वासन के बाद ग्रामीणों द्वारा जाम खोला गया। इस दौरान दोनों तरफ वाहनों की कतारें लगी रहीं।
पुलिस को बचाने का भी आरोप
ग्रामीणों का कहना है कि राहुल की मौत पुलिस की प्रताड़ना व पिटाई से हुई है। ऐसे में पुलिस को बचाने के लिए माता से अंगूठा लगवाकर तहरीर लिखवा ली गई है, जो कि गलत है। ग्रामीणों ने चौकी इंचार्ज, दो सिपाहियों पर मुकदमा लिखे जाने की मांग की। साथ ही पुलिस को रुपये देकर मृतक को पिटवाने वाले युवक को भी आरोपियों में शामिल करने की मांग की। उधर, सीओ ने सभी मांगों को मानकर जांच कराने की बात कहकर ग्रामीणों को संतुष्ट किया।
तीन बहनों में एकलौता था राहुल
मृतक राहुल अपने माता-पिता का इकलौता पुत्र था। उसकी तीन बहनें हैं जिनकी रो-रोकर बुरा हाल हो गया है। कुछ साल पहले ही राहुल के बड़े भाई की ट्रेन से कटकर मौत हो गई थी। ऐसे में अब राहुल के इस दुनिया से चले जाने पर माता-पिता के बुढ़ापे का सहारा भी छिन गया है।
पुलिस को दौड़ाने का वीडियो भी हुआ वायरल
सोशल मीडिया पर पुलिस को दौड़ाने का एक वीडियो भी वायरल हुआ है। जिसमें लोग खजुरिया चैकी पर तैनात सिपाहियों को दौड़ा रहे हैं और मारो पुलिस को, मारो पुलिस को कहते हुए भाग रहे हैं। वीडियो रविवार का ही बताया जा रहा है।
परिजन द्वारा तहरीर में जिन पुलिसकर्मियों के नाम बताए जा रहे हैं उनको आरोपी में शामिल कर लिया गया है। विवेचना की जाएगी। खजुरिया चौकी इंचार्ज समेत तीनों पुलिसकर्मियों को हटा दिया गया है। बर्खास्त की कार्रवाई चल रही है, जांच के बाद विधिक कार्रवाई की जाएगी। डीएम से फोन पर परिजन की वार्ता कराकर सरकारी पांच लाख का मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया है। जो ग्रामीणों की मांगें थी लिखित रूप से परिजन को पूरी करने को कहकर दे दी गई है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है।
- संजय नाथ तिवारी, सीओ पलिया
17 जनवरी को मृतक के चाचा ने मोबाइल चोरी का आरोप लगाया था। 19 को किशोर और उसके चाचा को चौकी बुलाया गया, जहां उनके बीच लिखित समझौता हो गया। इसके बाद किशोर घर चला गया। रविवार सुबह मृतक की मां ने तहरीर देकर चाचा और गांव के अन्य लोगों पर किशोर को पीटने का आरोप लगाते हुए तहरीर दी। 20 जनवरी को किशोर को रात में अस्पताल में दाखिल कराया गया, जहां रविवार सुबह उसकी मौत हो गई। इसके बाद परिजन ने पुलिस की पिटाई से मौत का आरोप लगाया है। पहले और अब की तहरीर के आधार पर विवेचना जारी है। जांच में अगर पुलिसकर्मी दोषी पाए जाते हैं, तो उन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- संजीव सुमन, एसपी