लखीमपुर खीरी। पड़ोसी जनपद सीतापुर के थाना पिसावां के गांव भकुरहा में शुक्रवार को हुए टिड्डी दल के हमले के दूसरे दिन शनिवार को यहां भी किसान और कृषि अधिकारी व कर्मचारी अलर्ट पर रहे। गांवों में कृषि विभाग की टीमें भ्रमण करके किसानों से संपर्क करती रहीं। जिला कृषि रक्षा अधिकारी डॉ इंद्रेषु गौतम ने बताया कि टिड्डी दल को मारने के लिए लखीमपुर से आठ सदस्यीय दल सीतापुर गया था। करीब पांच किमी लंबे काफिले में टिड्डियों की संख्या करोड़ों में रही होगी। उन्होंने बताया कि दवा के छिड़काव के बाद काफी टिड्डियां मारी गईं। शेष टिड्डी दल दो टुकड़ों में बंट गया, जिसमें एक टुकड़ा बहराइच और दूसरा टुकड़ा जनपद फर्रुखाबाद की ओर उड़ गया।
टिड्डी दल के संभावित हमले का खतरा अभी टला नहीं है, बल्कि सीतापुर में टिड्डियों के दस्तक देने के बाद लखीमपुर में भी खतरा बढ़ गया है। जिला कृषि रक्षा अधिकारी ने बताया कि टिड्डियों की संख्या इतनी भारी थी कि कई पेड़ों की टहनियां उनके बैठने से टूट गईं। यह टिड्डियां चित्तीदार भूरे-मटमैले रंग की हैं। जो जरा देर में हरी पत्तियों को चट कर जाती हैं। उन्होंने बताया कि एक और टिड्डियों का नया दल राजस्थान के रास्ते उत्तर प्रदेश के आगरा जनपद में घुसा है। आशंका यह है कि यह दल कन्नौज से हरदोई होते हुए सीतापुर और लखीमपुर में भी हमला कर सकता है। इसलिए समय-समय पर टिड्डियों के बारे में किसानों को जानकारी दी जा रही है।