पुलिस पर सुनवाई न करने का आरोप
सुमन ने बताया कि फरधान पुलिस और एसपी खीरी समेत कई लोगों से गुहार लगाई, लेकिन न्याय नहीं मिला। कहीं कोई सुनवाई न होने पर उन्होंने बेटी के साथ शुक्रवार को घर छोड़ दिया। दरवाजे पर पलायन करने का पोस्टर लगा दिया। सोशल मीडिया पर फोटो और वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस गांव पहुंची, लेकिन घर बंद मिला। पीड़िता और उसकी मां गांव में नहीं मिलीं।
पुलिस ने फोन करके मां-बेटी को थाने बुलाया, लेकिन पीड़िता थाने आने को राजी नहीं हुई। शाम के समय सुमन ने एक दूसरा वीडियो जारी किया। इसमें इंजन से होने वाली धमक को अपनी समस्या बताया।
एसडीएम सदर अश्वनी कुमार ने बताया कि वायरल वीडियो मिला था। सीओ सदर और थानाध्यक्ष के साथ स्थलीय निरीक्षण किया गया। पता चला कि शिकायतकर्ता के घर के पीछे एक व्यक्ति ने कारखाना लगा रखा रखा है। इंजन की धमक से उन्हें समस्या है। पीड़िता ने वर्ग विशेष के लोगों की ओर से परेशान किए जाने का खंडन किया है। पीड़िता ने कहा कि अगर दूसरे पक्ष के लोग अपनी मशीन दूर ले जाएं तो उसे समस्या नहीं होगी। इस पर दूसरा पक्ष सहमत है।