पीसीएम के एमडी प्रमोद कुमार उपाध्याय द्वारा तत्कालीन जिला प्रबंधक प्रभंजन कुमार यादव से अपशब्द कहने और धमकाने का ऑडियो वायरल हुआ है। इसके बाद एमडी ने डैमेज कंट्रोल करने के लिए जिला प्रबंधक को सस्पेंड कर दिया है। सस्पेंड किए जाने के बाद जिला प्रबंधक ने एमडी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है और एमडी पर कमीशन के एवज में बड़ी रकम मांगने का आरोप लगाया है।
पीसीएफ ने हालिया गेहूं खरीद में 109 क्रय केन्द्रों के माध्यम से 105406 मीट्रिक टन गेहूं खरीदा था। इसके एवज में किसानों को एक अरब 83 करोड़ 93 लाख रुपये का भुगतान करना था। करीब तीन करोड़ रुपये किसानों को भुगतान करना शेष है। आरोप है कि इस बीच एमडी प्रमोद कुमार उपाध्याय ने गेहूं खरीद में कमीशन के तौर पर बड़ी रकम की डिमांड की थी, जिसे देने में जिला प्रबंधक प्रभंजन कुमार यादव ने असमर्थता जताई। इस पर एमडी ने पांच जून को उन्हें अचानक दो बजे लखनऊ तलब किया, तो जिला प्रबंधक ने धौरहरा में होने की बात कहकर दो बजे तक लखनऊ पहुंचने से जैसे ही इंकार किया, तो एमडी भड़क गए। आरोप है कि एमडी ने अपशब्द कहे। जिला प्रबंधक को जमीन में गाड़ देने की धमकी तक दे डाली। इसके बाद भी एमडी के पास रकम नहीं पहुंचाई तो 19 जून 2018 को जिला प्रबंधक प्रभंजन कुमार को लखीमपुर से हटाकर बरेली से संबद्ध कर दिया। इसी दौरान एमडी ने जिला प्रबंधक को गड़बड़ी के आरोप में फंसाने की नियत से बुधवार को एक चैनल पर खबर ब्रेक कराई, तो जिला प्रबंधक ने भी एमडी द्वारा धमकाए जाने का ऑडियो वायरल कर दिया। इससे बैकफुट पर आए एमडी ने आनन-फानन बुधवार की रात ही जिला प्रबंधक प्रभंजन कुमार को सस्पेंड कर दिया। वायरल ऑडियो मीडिया की सुर्खियों में छाने के बाद पीसीएफ के अधिकारियों में खलबली मची है।