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मृत दर्शाए गए लाभार्थियों का दोबारा सत्यापन के आदेश

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मृत दर्शाए गए लाभार्थियों का दोबारा सत्यापन के आदेश
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लखीमपुर खीरी। अलग-अलग विभागों से संचालित पेंशन योजनाओं के लाभार्थियों के सत्यापन में गड़बड़ी मिली है, जिसमें जीवित लाभार्थियों को मृत दर्शाकर पेंशन बंद करने के एक के बाद एक करके कई मामले सामने आ चुके हैं। तीन मामलों में कार्रवाई करने के बाद सीडीओ रवि रंजन ने मृत घोषित सभी पेंशन लाभार्थियों का दोबारा सत्यापन करने के आदेश संबंधित विभागों को दिए हैं और साथ ही 15 दिन में आख्या तलब की है।
समाज कल्याण विभाग, दिव्यांगजन विभाग और प्रोवेशन विभाग से वृद्धावस्था पेंशन, विकलांग पेंशन और विधवा पेंशन दी जाती है। तीनों विभागों से करीब तीन लाख लाभार्थियों को पेशन दी जा रही है, जिन लाभार्थियों को प्रतिवर्ष अप्रैल माह में सत्यापन कराया जाता है। शहरी क्षेत्र में लेखपाल और ग्रामीण क्षेत्रों में ग्राम पंचायत अधिकारी/ग्राम विकास अधिकारी सत्यापन करते हैं। इस वर्ष अप्रैल में कराए गए सत्यापन के बाद करीब तीन हजार लाभार्थियों को अकेले वृद्धावस्था पेंशन बंद कर दी गई थी, जिन्हें मृत दर्शाया गया है। इसी तरह सैकड़ों की संख्या में विकलांग और विधवा पेंशन के लाभार्थियों को मृत दर्शाया गया है। पिछले एक माह के दौरान मोहम्मदी, लखीमपुर, गोला क्षेत्र के कई लाभार्थियों ने पेंशन बंद किए जाने की शिकायत की थी, जिसकी जांच में खुलासा हुआ कि उन्हें मृत दर्शाकर पेंशन बंद कर दी गई है। इसके बाद सीडीओ रवि रंजन ने सख्त रूख अपनाते हुए संबंधित कर्मचारियों का वेतन रोकते हुए लाभार्थियों को तत्काल पेंशन देने के आदेश दिए। इसी क्रम में लखीमपुर ब्लाक के रुकनापुर गांव निवासी दिव्यांग नागेंद्र कुमार ने विकलांग पेंशन बंद किए जाने की शिकायत की थी, जिसकी जांच में ग्राम पंचायत अधिकारी राहुल भारती दोषी पाए गए। सीडीओ ने ग्राम पंचायत अधिकारी को प्रतिकूल प्रविष्टि देने के साथ ही वेतन पर रोक लगाई है और लाभार्थी को शीघ्र पेंशन प्राप्त कराने के आदेश दिए हैं।
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दूसरों से पूछकर मृतक घोषित किया
जांच में खुलासा हुआ है कि सत्यापन कार्य में कर्मचारियों ने घोर लापरवाही बरती। गांव में जाकर लाभार्थियों का सत्यापन नहीं किया गया, बल्कि ग्राम पंचायत की बैठक में पूछताछ के आधार पर जीवित व्यक्तियों को मृतक दिखाकर सत्यापन आख्या विभागों को भेज दी गई। इसी आधार पर विभागों ने लाभार्थियों को मृत मानते हुए पेंशन बंद कर दी।
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जीवित व्यक्ति को मृत दर्शाकर पेंशन बंद किए जाने के कई मामले सामने आ चुके हैं, जिसके चलते संबंधित विभागों को मृत दर्शाए गए सभी लाभार्थियों का दोबारा सत्यापन कराने के निर्देश दिए हैं। 15 दिन में सत्यापन पूर्ण कर रिपोर्ट मांगी है।
- रवि रंजन, सीडीओ
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