दुधवा जंगल में कैमरा लगाते वन कर्मी। स्त्रोत-वन विभाग।
लखीमपुर/बांकेगंज। पार्क प्रशासन के आदेश पर पांच जून को दुधवा टाइगर रिजर्व (डीटीआर ) कोरजोन के दुधवा-गौरीफंटा मार्ग पर शाम छह बजे से सुबह छह बजे तक वाहनों के संचालन पर रोक लगाने के बाद वन्यजीवों पर क्या असर हुआ है, इसका पता लगाया जा रहा है।
टाइगर रिजर्व प्रशासन ने इस मार्ग समेत दुधवा- चंदनचौकी सड़क पर कुल 80 कैमरे लगाए हैं। इससे यह अध्ययन किया जाएगा कि रात में आवागमन बंद होने से वन्यजीवों की सड़क के बीच क्या गतिविधियां बढ़ी हैं।
दुधवा टाइगर रिजर्व के फील्ड डायरेक्टर डॉ. एच राजामोहन ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद 15 दिन पहले रात के समय दुधवा-गौरीफंटा मार्ग पर आवागमन प्रतिबंधित कर दिया गया है, ताकि जंगल में रहने वाले बाघों समेत अन्य वन्यजीवों के रहन-सहन और उनके विचरण में कोई व्यवधान न हो। इस निर्णय के परिणामों का पता लगाने के लिए पार्क प्रशासन ने इस मार्ग समेत दुधवा-चंदनचौकी सड़क पर 40 जोड़ी कैमरे लगाए गए हैं।
इन कैमरों के जरिए यह पता लगाया जाएगा कि रात के समय जंगल की सड़क पर गुजरने वाले वाहनों का शोर थमने के बाद यहां वन्यजीवों की चहलकदमी और गतिविधियों में कितना इजाफा हुआ है। कैमरों में कैद होने वाली तस्वीरों के जरिये इसका आंकलन किया जाएगा। संवाद