लखीमपुर खीरी। फसल ऋण मोचन योजना के तहत लघु एवं सीमांत किसानों को कर्जा माफी का लाभ देने के लिए डाटा फीडिंग का कार्य निर्धारित समय सीमा में पूर्ण नहीं हो सका है। डीएम आकाशदीप ने सभी बैंकों के अधिकारियों संग बैठक कर समीक्षा की, जिसमें इलाहाबाद बैंक, इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, बैंक ऑफ इंडिया की प्रगति ठीक न होने पर चेतावनी दी गई है। डीएम ने सभी बैंकों को सख्ती से डाटा अपलोड करने के लिए 24 घंटे का समय दिया है।
बता दें कि ऋण मोचन योजना के तहत जिले की 22 बैंकों की 309 शाखाओं को कुल 2,15,395 किसानों का डाटा अपलोड करना है, जिसमें 2,11,783 किसानों का ही डाटा वेबसाइट पर शो हो रहा है। शेष 3612 किसानों का डाटा मिस मैच हो गया है, जिसे बाद में अपलोड किया जाएगा। इस डाटा फीडिंग का कार्य 22 जुलाई 2017 तक पूर्ण कराया जाना था। जिला कृषि अधिकारी संतोष कुमार वर्मा ने बताया कि डीएम की चेतावनी के बाद भी बैंकों ने डाटा फीडिंग में तेजी दिखाई है, जिससे मंगलवार तक 1,88,354 किसानों का डाटा अपलोड कर दिया गया है। शेष किसानों का डाटा भी बुधवार तक अपलोड कर दिया जाएगा। बैंकों में अपलोडिंग कार्य की बराबर मॉनीटरिंग की जा रही है।
संयुक्त खाताधारकों को भी मिलेगा लाभ
ऋण मोचन योजना में संयुक्त खाताधारक किसानों को लेकर बना सस्पेंस खत्म हो गया है। जिला कृषि अधिकारी संतोष कुमार वर्मा ने बताया कि शासन ने संयुक्त खाताधारकों को भी योजना का लाभ देने का फैसला किया है, जिसमें अधिकतम दो हेक्टेयर जमीन वाले किसानों को शामिल किया जाएगा। इससे अधिक जमीन होने पर लाभ नहीं मिलेगा।