कृषि विभाग ने रबी सीजन में बीजों की गुणवत्ता सुनिश्चित कराने के लिए प्राइवेट दुकानों पर छापामारी की। फूलबेहड़ क्षेत्र के महेवागंज और पलिया क्षेत्र के चंदनचौकी में दुकानों में कई तरह की गड़बड़ियां मिली हैं। दुकानों से 17 बीजों के नमूने भरे गए। जिला कृषि अधिकारी ने दुकानदारों को कमियां दुरुस्त करने की चेतावनी देकर छोड़ दिया।
फूलबेहड़ ब्लॉक के गांव महेवागंज में जिला कृषि अधिकारी सत्येंद्र प्रताप सिंह ने खाद-बीज दुकानों पर अचानक छापा मारा। इस दौरान कस्बे की दुकानों से नौ बीजों के नमूने भरे। इसके बाद पलिया ब्लॉक क्षेत्र के गांव चंदनचौकी में आठ बीजों के नमूने भरे। दुकानों में पड़ताल के दौरान कई तरह की खामियां मिलीं, जिसमें स्टाक और रेट बोर्ड में सूचनाएं अंकित नहीं मिलीं। बीज खरीदने वाले किसानों को पक्की रसीद न दिए जाने पर दुकानदारों को चेतावनी दी गई। बीज की रसीद पर लाट नंबर, टैग नंबर अंकित करने के निर्देश दिए गए, ताकि बीज खराब निकलने पर किसान अपने नुकसान की भरपाई के लिए क्लेम कर सकें। जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि यदि ट्रुथफुल लेबल/बिना लेबल एवं बीज प्रमाणीकरण संस्था के टैग के बीज किसानों को बेचा जाता है, जो गंभीर अपराध है। ऐसे दुकानदारों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
राजकीय बीज भंडारों में बीजों पर अनुदान
लखीमपुर खीरी। रबी फसलों के बीजों की उपलब्धता राजकीय कृषि बीज भंडारों पर है, जिनकी खरीद पर किसानों को अनुदान मिलेगा। जिला कृषि अधिकारी सत्येंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि गेहूं के प्रमाणित बीजों पर 1968 रुपये प्रति क्विंटल की दर से और आधारीय बीजों पर 2124 रुपये प्रति क्विंटल की दर से अनुदान दिया जाएगा। इसके अलावा तोरिया, मसूर, मटर बीज की सभी प्रजातियों पर कुल मूल्य का 60 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा। इसके लिए किसानों को बीज की कैशमेमो लेना अनिवार्य है। भुगतान के लिए बैंक पासबुक की फोटोकॉपी, खसरा/ खतौनी और आधार की प्रति बीज भंडार पर जमा करनी होगी।