लखीमपुर खीरी। बेसिक शिक्षा विभाग से शासकीय सहायता प्राप्त सिंगाही स्थित क्वीन मेरी गर्ल्स जूनियर हाईस्कूल में प्रबंधकीय विवाद के बावजूद गुपचुप तरीके से तीन शिक्षक पदों पर नियुक्तियां किए जाने का मामला सामने आया है। वित्त एवं लेखाधिकारी ने पूरी चयन प्रक्रिया को गोपनीय रखे जाने पर हैरानी जताई है और नियुक्ति किए गए शिक्षकों की फाइल मांगी है।
सिंगाही स्थित क्वीन मेरी गल्र्स स्कूल की प्रबंध कमेटी में विवाद के चलते 2015 में सिंगल आपरेशन करते हुए तत्कालीन वित्त एवं लेखाधिकारी डीपी सिंह ने वित्तीय चार्ज हस्तगत कर लिया था। इसके बाद विपिन बिहारी वाजपेयी और मनुराज सिंह के बीच प्रबंधक पद को लेकर विवाद कोर्ट की दहलीज पर पहुंच गया था। इसके बाद से स्कूल में भर्ती प्रक्रिया पर रोक लगी थी, लेकिन बीएसए आफिस के बाबुओं से साठगांठ कर स्कूल में तीन सहायक शिक्षक पदों पर जनवरी 2019 में बेहद गोपनीय तरीके से शाहजहांपुर के सुभाषनगर कॉलोनी निवासी आकांक्षा शर्मा, विभा रानी और पल्लवी दीक्षित की भर्ती कर ली गई। पूरी प्रक्रिया के दौरान इसकी भनक वित्त एवं लेखाधिकारी को भी नहीं लगी। खास बात यह है कि भर्ती प्रक्रिया के दौरान प्रधानाचार्य शशिलता तिवारी को छुट्टी दे दी गई। वित्त एवं लेखाधिकारी दिलीप सिंह को फरवरी में इन नियुक्तियों की जानकारी हुई, तो उन्होंने बीएसए को पत्र भेजकर पूरी चयन प्रक्रिया को गोपनीय रखे जाने पर हैरानी जताई है। नवनियुक्तियों के संबंध में कोई अनुमोदन और नियुक्ति पत्रावली उपलब्ध न कराए जाने पर उन्होंने बीएसए से परीक्षण और अग्रिम कार्रवाई के लिए पत्रावलियां मांगी हैं।
प्रबंध कमेटी में पहले विवाद था, लेकिन अब कोई विवाद नहीं रह गया है। इसलिए तीन शिक्षक पदों पर नियुक्तियां हुई हैं। चयन प्रक्रिया के दौरान पूरी पारदर्शिता बरती गई है।
- बुद्ध प्रिय सिंह, बीएसए