पडरौना। पुलिस ने अंतरराज्यीय साइबर अपराधी जामताड़ा गैंग का पर्दाफाश करते हुए पांच साइबर अपराधियों को धर-दबोचा है। इनके पास से पुलिस ने चोरी के 115 मोबाइल को बरामद भी किया है।
शातिर साइबर अपराधी चोरी के मोबाइल का लॉक तोड़कर उसमें यूपीआई आईडी बना लेते हैं और फिर लोगों से साइबर ठगी कर उसी यूपीआई आईडी में रुपये ट्रांसफर कराते हैं। इनके खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज करते हुए पुलिस आवश्यक कार्रवाई में जुटी है।
एसपी संतोष मिश्रा ने बताया कि दुदही से बैकुंठपुर जाने वाले मार्ग पर नेटुआबीर बाबा पुल के पास सुबह 11 बजे विशुनपुरा थाने की पुलिस व स्वाट टीम ने पांच अंतरराज्यीय साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया। पूछताछ में साइबर अपराधियों ने बताया है कि वे घने कस्बों व भीड़भाड़ वाले स्थानों पर बड़ी सफाई से मोबाइल की चोरी करते हैं और उसका लॉक तोड़कर यूपीआई आईडी बनाकर झारखंड व पश्चिम बंगाल में बैठे साइबर अपराधियों के माध्यम से रुपये ट्रांसफर करा लेते हैं। बाद में चोरी की मोबाइल को झारखंड, बिहार व प. बंगाल में सस्ते दामों पर बेच देते हैं।
कुशीनगर जिले में भी मोबाइल चोरी के संबंध में जो मुकदमे पंजीकृत कराये गए थे, उनसे भी संबंधित कई मोबाइल बरामद हुए हैं। एसपी ने बताया कि झारखंड व बिहार राज्य में इनके आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटाई जा रही है।
गिरफ्तार किए गए साइबर अपराधियों की पहचान बिक्की कुमार मंडल निवासी महराजपुर नया टोला थाना तेलझाड़ी जिला साहबगंज झारखंड, संतोष वर्मा निवासी गौरा थाना कटेया गोपालगंज बिहार, जहांगीर शेख निवासी करारी चांदपुर हरकला टोला थाना कलिया चक जिला मालदा पश्चिम बंगाल, स्वास्तम कुमार निवासी तौरसिया सीज थाना अमदाबाद जिला कटिहार बिहार व कैलाश मंडल निवासी महराजपुर नया टोला थाना तेलझाड़ी जिला साहबगंज झारखंड के रूप में हुई है।
इनके पास से चोरी की 115 विभिन्न कंपनियों के मोबाइल फोन भी बरामद किए गए हैं, जिसकी कीमत बाजार में 30 लाख रुपये आंकी गई है। इसके अलावा चोरी की दो बाइकें, 14 हजार 620 रुपया नकद भी बरामद किया गया है। गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम में एसएचओ विशुनपुरा रामसहाय चौहान, स्वाट टीम के प्रभारी आलोक कुमार, सर्विलांस के प्रभारी शरद भारती, एसआई विनय प्रताप सिंह आदि शामिल रहे।