गोड़रिया। कुबेर स्थान बाजार निवासी 55 वर्षीय उषा देवी पत्नी जयराम विश्वकर्मा प्रयागराज में स्नान करने कस्बे के लोगों के साथ गईं थीं। सभी लोग बस से गए थे, बृहस्पतिवार की शाम को काफी देर तक बस जाम में फंस गई।
इसमें ऊषा की तबीयत बिगड़ गई। वहां से सहयोगी बाइक से उसे अस्पताल ले गए, जहां उसकी मौत हो गई। देर रात को शव घर पहुंचा। पति पहुंच गए हैं और बेटे के इंतजार में शव दरवाजे पर रखा गया है। बेटे के आने के बाद शनिवार को दाह संस्कार होगा।
कुबेरस्थान कस्बा के रहने वाले जयराम विश्वकर्मा विदेश रहते हैं। इनका बेटा भी बाहर रहता है। कस्बे से मौनी अमावस्या पर स्नान करने के लिए कस्बे से एक बस से लोग स्नान करने महाकुंभ प्रयागराज गए थे। लौटते समय रास्ते में इतना जाम लग गया कि बस में ऊषा देवी की तबीयत बिगड़ गई।
किसी तरह बस से उतारकर बाइक से अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। जयराम विश्वकर्मा ने बताया कि महाकुंभ में जाने से मना किया था, लेकिन कस्बे से बस जा रही थी और ऊषा का मन मौनी अमावस्या पर स्नान करने का था। बस में सवार लोगों ने बताया कि सकुशल स्नान के बाद अपने वाहन में बैठकर नैनी के रास्ते गंतव्य को जब बस चली तभी से सांस लेने में ऊषा को दिक्कत होने लगी थी। नैनी ब्रिज के पास नौ घंटे जाम में बस फंसी रही। इसमें महिला की हालत बिगड़ने लगी। ऊषा के दो पुत्र और दो पुत्रियां हैं।