सूरज नगर स्थित प्राचीन बाबा विश्वकर्मा मंदिर परिसर में आयोजित दंगल में जाेर आजमाइश करते पहलवान।
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पिपरा बाजार। विश्वकर्मा पूजा के अवसर पर सूरजनगर बाजार में आयोजित दो दिवसीय मेला बृहस्पतिवार को समाप्त हो गया। मेले में अंतरराष्ट्रीय स्तर के पहलवानों की कुश्ती ने दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया। रोमांचक कुश्ती देखने बड़ी संख्या में क्षेत्रीय लोग पहुंचे थे।
विश्वकर्मा मंदिर परिसर में दंगल और एक किलोमीटर तक सड़क किनारे दोनों तरफ सजी हुई दुकानें। बच्चों ने खिलौने और मिठाइयां खरीदीं, महिलाओं ने शृंगार और गृहस्थी के उपयोग की चीजें। भीड़ नियंत्रित करने के लिए पुलिस के जवान शाम तक मुस्तैद रहे। इदंगल की शुरुआत सांसद विजय कुमार दूबे, सदर विधायक मनीष जायसवाल उर्फ मंटू, खड्डा विधायक विवेकानंद पांडेय, नेबुआ नौरंगिया ब्लाक प्रमुख शेषनाथ यादव और जिलाध्यक्ष (ग्राम प्रधान संघ) संतोष मणि त्रिपाठी ने पहलवानों के हाथ मिलवाकर कराई। सांसद और विधायक गणों ने अपने उद्बोधन में कुश्ती को भारतीय परंपरा का अनिवार्य अंग बताया।कुश्तियों के क्रम में भारत केसरी बिल्ला का जम्मू कश्मीर केसरी बलराम और पंजाब के नवाब पहलवान को बारी-बारी पराजित करना सबसे ज्यादा चर्चा में रहा। हिमाचल प्रदेश के बाबा लाड़ी और केरल के कटप्पा का मुकाबला देख दर्शकों का शोर आसमान तक गूंजा। इस मुकाबले में बाज़ी बाबा लाड़ी के पक्ष में रही। अजमेर शरीफ के बाबा फकीर ने तमिलनाडु के अखंड, नेपाल की महिला पहलवान रूबी थापा ने महाराष्ट्र की रानी पहलवान और सिक्किम के घमंडी पहलवान ने उड़ीसा के जतन सिंह पर जीत हासिल की। दंगल में कुल 56 जोड़ी पहलवानों ने अपनी ताकत आजमाई।