कसया। अंतरराष्ट्रीय पर्यटक स्थली कुशीनगर में तीन दिवसीय बौद्ध कॉन्क्लेव का आयोजन शुरू हो रहा है, जिसमें धम्म, संवाद और विकास मुख्य केंद्र बिंदु होंगे। सोमवार की देर शाम होटल पथिक निवास में आयोजित प्रेस वार्ता में डीएम महेंद्र सिंह तंवर और एसपी केशव कुमार ने कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी दी।
डीएम ने बताया कि इस कॉन्क्लेव का उद्देश्य कुशीनगर की पहचान को वैश्विक स्तर पर और मजबूत करना है। इसे आगामी वर्षों में वार्षिक आयोजन के रूप में विकसित करने की योजना है। उन्होंने कहा कि कुशीनगर भगवान बुद्ध की महापरिनिर्वाण स्थली है, ऐसे में धम्म पर चर्चा के बिना कोई सार्थक पहल संभव नहीं है।उन्होंने संवाद के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि किसी भी कार्य की सफलता के लिए संवाद आवश्यक है। कॉन्क्लेव में देश-विदेश से आए प्रतिनिधियों के माध्यम से विश्व शांति का संदेश दिया जाएगा। प्रधानमंत्री के ‘यह युद्ध का नहीं, बुद्ध का समय है’ संदेश को आगे बढ़ाते हुए शांति और सहअस्तित्व पर चर्चा होगी।
डीएम ने कहा कि कुशीनगर में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। यहां आने वाले अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों के माध्यम से जिले के विकास को गति दी जा सकती है। पर्यटन बढ़ने से निवेश आएगा और स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे। इसके लिए स्थानीय सहभागिता भी सुनिश्चित की जाएगी।
कार्यक्रम के पहले दिन सुबह 9:30 बजे चांटिंग से शुरुआत होगी, इससे पहले पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। उद्घाटन प्रभारी मंत्री दिनेश प्रताप सिंह करेंगे। दूसरे दिन महावीर जयंती के अवसर पर बुद्ध-जैन समागम पर संवाद आयोजित होगा, जिसमें प्रदेश के पर्यटन मंत्री मुख्य अतिथि रहेंगे। अंतिम दिन कृषि मंत्री की उपस्थिति प्रस्तावित है, जबकि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आने की भी संभावना है। संवाद