मौनी अमावस्या पर लगाई श्रद्धा डुबकी
पडरौना। मौनी अमावस्या पर बृहस्पतिवार को श्रद्धालुओं ने बड़ी गंडक, छोटी गंडक और बांसी नदी के घाटों पर डुबकी लगाई। गंडक नदी के पनियहवा घाट पर भव्य मेला का आयोजन हुआ। श्रद्धालुओं ने इन नदियों में स्नान के बाद तट पर गोदान और पूजा-अर्चना की। इसके बाद मेले का लुफ्त उठाया।
माघ मास की अमावस्या को मौनी अमावस्या कहा जाता है। मान्यताओं के अनुसार इस दिन पवित्र संगम में देवताओं का निवास होता है, इसलिए इस दिन गंगा स्नान का विशेष महत्व है। इस मास को भी कार्तिक के समान पुण्य मास कहा गया है। बृहस्पतिवार को ब्रह्ममुहूर्त से ही श्रद्धालुओं ने नदियों पर स्नान-दान कर परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। पडरौना क्षेत्र सहित जिले के अन्य हिस्सों से भी श्रद्धालु नेपाल के त्रिवेणी और प्रयागराज स्नान के लिए गए थे। छितौनी बाजार प्रतिनिधि के अनुसार यूपी-बिहार सीमा पर पनियहवा पुल के नीचे नारायणी नदी में श्रद्धालुओं ने डुबकी लगाई। इसके बाद स्नान-दान और पूजा-पाठ किया। यहां कुशीनगर सहित महराजगंज, देवरिया, गोरखपुर तथा बिहार के श्रद्धालुओं ने पहुंचकर स्नान-दान किया। इस दौरान एसडीएम अरविंद कुमार, तहसीलदार डॉ. एसके राय, सीओ शिवस्वरूप पुलिस फोर्स के साथ मौजूद थे। विधायक जटाशंकर त्रिपाठी भी समर्थकों के साथ पनियहवा घाट पर पहुंचे थे। मौनी अमावस्या पर मां नारायणी सामाजिक कुंभ के दूसरे दिन संतों ने स्नान करने के बाद मंत्रोचारण के साथ नारायणी नदी की पूजा की। ब्रह्मदेव तिवारी ने पूजन संपन्न कराया। इस दौरान मां नारायणी सामाजिक कुंभ के आयोजक मनोज कुमार पांडेय, संरक्षक रामनयन दास, बालक दास, कुंज बिहारी दास, महेशदास, अमरदास, कमलेश्वरदास सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
तमकुहीरोड प्रतिनिधि के अनुसार गंडक और बांसी नदी में श्रद्धालुओं ने डुबकी लगाई। शिवाघाट सहित अन्य कई स्थानों पर समितियों ने मेला का आयोजन किया था। इसी तरह सेवरही के गौरीघाट, दमकलघाट, गोलाघाट, मलाहीघाट, पिपराघाट, रुक्मिणी घाट सहित जंगलीपट्टी, घघवा जगदीश, जवही दयाल, चैनपट्टी, बिरवट कोंहवलिया, बाघाचौर, बाकखास, नोनियापट्टी, अहिरौलीदान के किनारे स्थित नदियों में स्नान-दान किया। मथौली बाजार प्रतिनिधि के अनुसार मौनी अमावस्या पर मोतीचक क्षेत्र के रगड़गंज, मुड़िला हरपुर, अथरहां सहित छोटी गंडक के विभिन्न घाटों पर श्रद्घालुओं ने स्नान-दान और पूजा-अर्चना कर परिवार की सुख समृद्धि की कामना की। इस अवसर पर आकाश सिंह, नौरंग सिंह, अरविंद सिंह, प्रमोद पांडेय सहित काफी संख्या में लोग उपस्थित थे।
स्नान के बाद मंदिर में की पूजा
बनकटा बाजार। कोइलसवा बुजुर्ग और घुरनाकुंड पर तीन नदियां आपस में मिलती हैं, जहां हर साल की भांति मौनी अमावस्या पर श्रद्घालुओं ने स्नान किया। उसके बाद भगवान विष्णु और मां दुर्गा के मंदिर में पूजा-अर्चना की। इस अवसर पर महंत चंद्रिका दास, केशव यादव सहित अन्य लोग मौजूद थे।
जाम में फंसे एएसपी
खड्डा। पनियहवा घाट पर स्नान पर्व के दौरान जाम में फंसे एएसपी अयोध्या प्रसाद सिंह ने पुलिसकर्मियों पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने सीओ खड्डा पर नाराजगी प्रकट करते हुए वाहनों को व्यवस्थित तरीके से खड़ा कराने के निर्देश दिए। इसके बद उन्होंने मेला एवं नदी तट का जायजा लिया।