13 लाख रुपये की लागत से बदले जाएंगे जर्जर तार
उपभोक्ताओं को मिलेगी लो वोल्टेज और फाल्ट से निजात
तीन गांवों में ट्रांसफॉर्मर की होगी क्षमता वृद्धि
पडरौना। गर्मी के मौसम में विद्युत उपभोक्ताओं को लो-वोल्टेज और फाल्ट की समस्या से बचाने के लिए विद्युत निगम ने कमर कस लिया है। पडरौना उपखंड के अंतर्गत आने वाले शहर और ग्रामीण क्षेत्रों के जर्जर तार बदले जाएंगे। इसके लिए करीब 13 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। क्षेत्र के तीन गांवों में लगे ट्रांसफॉर्मरों की क्षमता भी बढ़ाई जाएगी।
पडरौना विद्युत उपखंड से करीब एक लाख उपभोक्ताओं को बिजली आपूर्ति की जाती है। ठंड में बिजली की खपत कम होती है, लेकिन गर्मी में उपभोक्ता पंखा, कूलर, एसी आदि विद्युत उपकरणों का उपयोग करते हैं। इससे खपत बढ़ जाती है। बिजली की खपत बढ़ने और अत्यधिक गर्मी पड़ने पर जर्जर और ढीले तारों में फाल्ट होने अथवा लो-वोल्टेज की समस्या आती है। इससे उपभोक्ताओं को कटौती का सामना करना पड़ता है।
इन समस्याओं से उपभोक्ताओं को निजात दिलाने के लिए विद्युत निगम पडरौना उपखंड क्षेत्र में पड़ने वाले शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के जर्जर तारों को बदलने की तैयारी में जुटा है। निगम के अधिकारियों की मानें तो क्षेत्र में करीब 15 किमी दूरी के जर्जर तार बदले जाएंगे। इसके लिए निगम की तरफ से 13 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। इसके अलावा क्षेत्र के पकड़ी बुजुुर्ग गांव में लगे 25 केवीए की जगह 63 केवीए, सिधुआं बांगर गांव में 100 केवीए की जगह 250 और पचरखिया गांव में लगे 100 केवीए की जगह 250 केवीए के ट्रांसफॉर्मर की लगाए जाएंगे। यह सभी कार्य होली से पहले पूरा करा लिया जाएगा।
कोट
उपभोक्ताओं को निर्बाध विद्युत आपूर्ति के लिए निगम पूरी तरह गंभीर है। इसके लिए करीब 13 लाख रुपये की लागत से उपखंड क्षेत्र के 15 किमी में जर्जर तार बदले जाएंगे। तीन ट्रांसफॉर्मर की क्षमता में वृद्धि भी की जाएगी।
राहुल कुमार द्विवेदी, एसडीओ, पडरौना विद्युत उपखंड