पिपरा बाजार। मंगलवार की दोपहर में दुबौली ग्राम पंचायत में जनसंपर्क करने निकले प्रधान पद के उम्मीदवारों के समर्थकों पर नेबुआ नौरंगिया थाने की पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। लाठीचार्ज की इस घटना में महिलाओं समेत 12 से अधिक लोग घायल हो गए। लाठीचार्ज की घटना से नाराज गांववालों में दुबौली में कुछ देर तक प्रदर्शन कर पुलिस के खिलाफ नाराजगी भी जताई।
पुलिस लाठीचार्ज की घटना से इंकार कर रही है। मंगलवार को दुबौली ग्रामपंचायत की दो महिला प्रत्याशी अपने समर्थकों के साथ जनसंपर्क के लिए निकली हुई थीं। गांव के किसी व्यक्ति ने पुलिस को सूचना दे दी कि उम्मीदवारों की तरफ से जुलूस निकाला जा रहा है।
महिला प्रत्याशी समर्थकों के साथ गांव के हजारी पट्टी टोले में थीं कि पुलिस के जवान पहुंच गए। गांववालों का आरोप है कि पुलिस ने चेतावनी तक नहीं दी और पहुंचते ही लाठीचार्ज कर दिया। लाठीचार्ज की इस घटना में पंकज मल्ल, अनूप चौहान, पलटन चौहान, हरिवंश राजभर, पतरू राजभर, ताराचंद गुप्ता, सुनरी, प्रेमा देवी, रमावती, गुड़िया, दुर्गावती, सीमा, नीलम, सच्चिदानंद आदि घायल हो गए।
पुलिस के जाने के बाद गांववालों ने लाठीचार्ज के खिलाफ नाराजगी जताते हुए कुछ देर तक प्रदर्शन भी किया। प्रदर्शन करने वालों ने पुलिस प्रशासन विरोधी नारे भी लगाए। इस संबंध में एसओ निर्भय नारायण सिंह का कहना है कि भीड़ को तितर-बितर करने के लिए सड़क पर लाठियां पटकी गई। उन्होंने लाठीचार्ज किए जाने से इंकार किया।