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एपी बांध के किनारे बसे गांवों में अफरातफरी

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अहिरौलीदान में पक्के मकानों को तोड़ते लोग। - फोटो : KUSHINAGAR
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एपी बांध के किनारे बसे गांवों में अफरातफरी
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कच्चे-पक्के मकानों को तोड़ पलायन करने का सिलसिला जारी
अमर उजाला ब्यूरो
तमकुहीरोड। पानी कम होने के बाद भी गंडक नदी की कटान से अहिरौलीदान में एपी बांध के किनारे बसे लोगों में अफरातफरी मच गई है। लोग अपने कच्चे-पक्के मकानों को तोड़ कर मलबा हटाने में जुट गए हैं। लोगों का कहना है कि अब नदी एपी बांध और बंधे के समीप बसे चार गांवों के लिए खतरा बन गई है। हालांकि बाढ़खंड के अभियंता कटान रोकने की कोशिशों में जुटे हैं।
अहिरौलीदान स्थित एपी बांध के किमी 12.500 से किलोमीटर से 14.000 किलोमीटर के बीच बसे चार गांवों नोनियापट्टी, खैरखूटा, मदरही और कचहरी टोला गंडक नदी की जद में आते जा रहे हैं। नोनिया पट्टी में तबाही मचाने के बाद नदी का सीधा रुख खैरखूटा गांव और एपी बांध की ओर हो गया है। नोनियापट्टी में लगभग चालीस घरों को लीलने और खैरखूटा में सुरेंद्र साह का मकान नदी में विलीन हो जाने से खैरखूटा गांव में अफरातफरी मच गई है। कटान की जद में आ चुके पूर्व प्रधान मजिस्टर पासवान, रमाशंकर सिंह, हीरा शर्मा, भगवान पासवान, उमेश सिंह, सिंह, रामविलास शर्मा, हरिशंकर सिंह, रामपूजन पासवान, नैन प्रसाद सिंह, विरेश सिंह, जनक सिंह, दिनेश सिंह, मुनेशर सिंह समेत तमाम लोगों की परेशानी बढ़ गई है। अधिकांश लोगों ने अपने मकानों को तोड़कर सामान हटाने का काम तेज कर दिया है। जबकि गांव के ही संजय सिंह, बबलू प्रसाद, अनवत राम, गौतम सिंह, लालबाबू बैठा आदि ने गांव की बर्बादी के लिए बाढ़ खंड और प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया है। इन लोगों का कहना है कि गांव वाले इस संभावित खतरे से बार-बार अधिकारियों को आगाह करते रहे, लेकिन जिम्मेदार अनसुनी करते रहे। अभियंता और ठेकेदारों की मिलीभगत से ही आज उन्हें संकट का सामना करना पड़ रहा है। अब फ्लड फाइटिंग के नाम पर लूट खसोट तेज हो गई है। बचाव कार्य की मॉनीटिरिंग कर रहे बाढ़ खंड के एक्सईएन भरतराम ने बताया कि स्थिति काफी गंभीर है, लेकिन नियंत्रण में है और बचाव कार्य जारी है।
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हर हाल में बांध और गांव को बचाएं : पूर्व विधायक
तमकुहीरोड। अहिरौलीदान में 15-20 दिन से गंडक का तांडव जारी है। नोनियापट्टी और खैरखूटा गांव के 50-60 परिवार अपने मकानों को तोड़कर पलायन कर चुके हैं। दस से पंद्रह मकान नदी में विलीन हो चुके हैं। बृहस्पतिवार को भाजपा प्रदेश कार्यसमिति के सदस्य व पूर्व विधायक डॉ. पीके राय, भाजपा नेता जेके सिंह, अवधेश राय, अरविंद सिंह पटेल, संजय सिंह, गणेश सोनी, मिथिलेश गोड़, श्रीकांत सिंह, सुजीत यादव आदि अहिरौलीदान पहुंचे। नोनियापट्टी से खैरखूटा गांव तक हो रहे कटान और बाढ़ बचाव कार्यों का जायजा लिया। पूर्व विधायक ने कटान से प्रभावित लोगों से बातचीत भी की और मौके पर मौजूद बाढ़खंड के अभियंताओं से बचाव कार्य में तेजी लाकर हर हालत में एपी बांध और गांव वालों की सुरक्षा सुनिश्चित कराने को कहा। इस दौरान अमवा बांध के सहायक अभियंता हरिशंकर पांडेय, राजस्व निरीक्षक नकछेद साह, हल्का लेखपाल विजयप्रकाश मिश्र, अवर अभियंता रमेशधर दुबे, सुनील यादव, चंद्रप्रकाश, राजेश सिंह, राकेश प्रसाद आदि मौजूद रहे।
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