पडरौना। कुशीनगर में टॉवर और पानी की टंकी पर चढ़कर बात मनवाने का चौंकाने वाला ट्रेंड चल पड़ा है। पिछले तीन दिनों से लगातार कोई मोबाइल के टॉवर पर चढ़कर रूठकर मायके गई पत्नी को बुलवाने की जिद करते दिखा तो कोई पारिवारिक विवाद में कार्रवाई को लेकर हंगामा किया।
हर जिद अब 200 फीट ऊंचे टावर पर चढ़कर मनवाई जा रही है। हालांकि इसे रोकने के लिए पालिका प्रशासन ने तैयारी कर ली है। पालिका क्षेत्र की छह पानी की टंकियों पर चौकीदार तैनात किए जाएंगे। चहारदीवारी भी बनाई जाएगी।
यह ट्रेंड प्रशासन, कानून और सुरक्षा के लिए गंभीर चुनौती बन चुका है। जानकार बताते हैं कि लगातार टॉवर चढ़ाई बताती है कि यह सिर्फ जिद नहीं, बल्कि खतरनाक ट्रेंड और सुरक्षा संकट बनता जा रहा है। इसे देखते हुए नगर पालिका प्रशासन ने सभी पानी की टंकियों पर बाउंड्री बनवाने और चौकीदार तैनात करने की निर्णय लिया है।
उदित नरायन डिग्री कॉलेज के समाजशास्त्र विभागाध्यक्ष डॉ. नरेंद्र त्रिपाठी बताते हैं कि अपनी बात मनवाने के लिए इस तरह की हरकत करना अत्यंत आपत्तिजनक है। खास करके पानी की टंकी या मोबाइल के टॉवर पर चढ़कर पुलिस प्रशासन पर दबाव बनाने के पीछे उसकी सोच चर्चा में आने की तो होती ही है, कहीं न कहीं हताशा का भी परिचायक है। इसलिए ज्यादा सख्ती भी उचित नहीं है। हालांकि सौ-दो सौ फीट पर चढ़ना जीवन के लिए बेहद जोखिमभरा है। इसमें गिरने, बिजली का शॉक जैसे सभी खतरे मौजूद हैं। इससे न केवल चढ़ने वाले, बल्कि बचावकर्मी और आसपास के लोग भी खतरे में आ जाते हैं।