नोटिस चस्पा करती पुलिस। स्रोत-सोशल मीडिया
मंसाछापर। बिहार के पश्चिमी चंपारण जिले के दहवा गांव में पुलिस टीम पर हुए हमले के मामले में प्रशासन ने सख्ती दिखानी शुरू कर दी है। पुलिस टीम ने न्यायालय के आदेश पर फरार आरोपितों के घर नोटिस चस्पा कर ढोल-नगाड़े के साथ मुनादी कराई। घटना के बाद आरोपी पकड़ में नहीं आ सके हैं। वहीं पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है।
कप्तानगंज थाने की पुलिस टीम वारंट तामीला के लिए बिहार सीमा के धनहा थाना क्षेत्र के दहवा गांव में 18 सितंबर की देर शाम को गई थी। इस दौरान धनहा और कप्तानगंज पुलिस की टीम पर पशु तस्करों ने जानलेवा हमला कर दिया। हमले के दौरान आरोपितों ने दरोगा प्रमोद कुमार का सर्विस रिवॉल्वर और मोबाइल फोन लूट लिया था। हालांकि घटना के अगले दिन केले के खेत से रिवाल्वर और मोबाइल को पुलिस ने बरामद कर लिया। पुलिस ने इस घटना के बाद एसओ महेंद्र कुमार की तहरीर पर छह नामजद सहित 20 लोगों के विरुद्ध गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया। इसके बाद से लगातार बिहार की पुलिस टीमें आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही हैं, लेकिन आरोपी हर बार अपना ठिकाना बदलकर फरार हो जा रहे हैं। धनहा थानाध्यक्ष महेंद्र कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने न्यायिक दंडाधिकारी के आदेश पर आरोपितों के घरों पर इश्तेहार चस्पा किया। इसके साथ ही गांव में ढोल-नगाड़े से मुनादी कराकर लोगों को सूचित किया। थानाध्यक्ष ने बताया कि यदि आरोपित जल्द ही थाना या न्यायालय में आत्मसमर्पण नहीं करते हैं तो कुर्की-जब्ती की कार्रवाई की जाएगी।