पडरौना। बेसिक शिक्षा विभाग में ऑनलाइन अवकाश प्रणाली को गंभीरता से नहीं लेने वाले प्रधानाध्यापकों पर सख्ती शुरू कर दी है।
मानव संपदा पोर्टल के अवलोकन में जिले के 46 विद्यालयों में शिक्षकों, शिक्षामित्रों और अनुदेशकों के आकस्मिक व चिकित्सीय अवकाश के आवेदन प्रधानाध्यापक स्तर पर लंबित पाए गए हैं। इसको गंभीरता से लेते हुए बीईओ ने सभी प्रधानाध्यापकों को स्पष्टीकरण जारी कर तीन दिन में जवाब मांगा है।
शासनादेश के तहत यह अनिवार्य है कि मानव संपदा पोर्टल पर प्राप्त अवकाश आवेदनों का समय से निस्तारण किया जाए। लेकिन पोर्टल की जांच में सामने आया कि पडरौना ब्लॉक के 46 विद्यालयों में आवेदन पेंडिंग पड़े हैं। इसको गंभीरता से लेते हुए बीईओ सुरेंद्र बहादुर सिंह संबंधित प्रधानाध्यापक व प्रभारी प्रधानाध्यापक को पत्र जारी कर कहा कि ऑनलाइन अवकाश आवेदन प्राप्त होने के बाद समय से निस्तारण नहीं करने का क्या कारण है। इससे विद्यालयों में कार्यरत अध्यापक/शिक्षामित्र/ अनुदेशक एवं परिचारकों को अनावश्यक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। आपके स्तर पर अवकाश आवेदनों को लंबित रखना आपके कर्तव्यों एवं दायित्वों के प्रति घोर लापरवाही एवं उदासीनता का द्योतक है। उन्होंने सभी प्रधानाध्यापकों से तीन दिन में जवाब तलब किया है। उन्होंने चेताया कि संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर संंबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।