पडरौना। जिले में पड़ रही कड़ाके की ठंड से जनजीवन काफी प्रभावित हो रहा है। रविवार को पूरे दिन धूप नहीं निकलने से गलन बढ़ गई। शाम होते ही सड़कें खाली होने लगीं। छुट्टी का दिन होने के चलते अधिकांश लोग घरों में दुबके रहे। सड़कों पर अलाव की व्यवस्था देख, आने-जाने वाले राहगीर हाथ सेंकने लगे। रोडवेज बस परिसर, रेलवे स्टेशन, मेन बाजार, गुदरी बाजार में पहले की अपेक्षा चहल कदमी नहीं रही। मौसम में उतार-चढ़ाव होने के नाते लोग भी घर में अलाव जलाकर राहत पाने की कोशिश करते रहे।
इस बार जिले में पड़ रही कड़ाके की ठंड से हर कोई परेशान है। सबसे खराब हालत तो उन लोगों की है, जो बाइक से यात्रा कर रहे हैं। ठंड के कारण अन्य दिनों की अपेक्षा व्यापारिक प्रतिष्ठानों पर ग्राहकों की भीड़ नहीं रही। मकर संक्रांति के त्यौहार के चलते रविवार को सब्जी की दुकान, चावल और भूजे की दुकान पर ग्राहक जुटे थे। ठंड के नाते जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। लिहाजा गांवों से बाजार करने के लिए शहर आने वाले लोग जल्दी काम निपटाकर घर को लौट गए।
कड़ाके की ठंड से लोगों को निजात दिलाने के लिए नगर पालिका परिषद पडरौना ने शहर में अलाव के नाम पर आठ सौ क्विंटल लकड़ी जलाने का दावा किया है। नगर पालिका के बाबू महेंद्र के अनुसार शहर में अलाव के लिए आठ सौ क्विंटल लकड़ी की खरीदारी की गई थी। इन लकड़ियों को शहर के प्रमुख चौराहों के अलावा कुछ वार्डों में भी भेजा गया है। महेंद्र बताते हैं कि सप्ताह भर पूर्व शहर के 52 स्थानों पर अलाव जलाया गया था। अभी लकड़ी न मिलने कारण सिर्फ 40 जगहों पर अलाव की व्यवस्था की गई है।