फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kushinagar News: निजी अस्पताल में नवजात की मौत, परिजनों का हंगामा

विज्ञापन
कप्तानगंज के सच्चिदानंद हॉस्पिटल में बच्ची की हुई मौत को ले कर परिसर में धरने पर बैठे परिजन और - फोटो : 1
विज्ञापन
कप्तानगंज। कस्बे के निजी अस्पताल में सोमवार की सुबह इलाज के दौरान नवजात की मौत हो गई। आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर इलाज में लापरवाही बरतने और तबीयत बिगड़ने के बारे में जानकारी नहीं देने का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। मुख्य गेट पर धरने पर बैठ गए।
विज्ञापन

पीड़ित पिता अश्वनी मिश्रा ने बताया कि उन्होंने अपनी पत्नी मीनाक्षी को प्रसव पीड़ा होने पर 19 अगस्त शाम करीब 8:30 बजे सच्चिदानंद अस्पताल में भर्ती कराया था। 20 अगस्त को सामान्य प्रसव से बच्ची का जन्म हुआ। उनका आरोप है कि बच्ची के पूरी तरह ठीक होने के बावजूद डॉक्टर ने उसे हल्का पीलिया होने की बात कही और जबरन गहन चिकित्सा इकाई में भर्ती कर दिया। परिजनों ने जब नवजात को डिस्चार्ज करने व किसी अन्य बाल रोग विशेषज्ञ को दिखाने की बात कही, तो अस्पताल प्रशासन ने मना कर दिया और इलाज के नाम पर लगातार रकम लेते रहे। अस्पताल प्रशासन ने इन आरोपों को निराधार बताया है।
घर वालों का कहना है कि अस्पताल प्रशासन की ओर से सोमवार सुबह अचानक उन्हें बच्ची की मौत की सूचना दी गई। इसके बाद परिवार में कोहराम मच गया। गुस्साए रिश्तेदारों और स्थानीय लोगों ने अस्पताल परिसर को घेर लिया और सख्त कार्रवाई की मांग को लेकर धरने पर बैठ गए। आक्रोशित घर वालों का आरोप है कि अस्पताल के जिम्मेदारों से नवजात को रेफर किए जाने के लिए कई बार कहा गया लेकिन उसे रेफर नहीं किया गया। नवजात के स्वास्थ्य के बारे में भी जानकारी नहीं दी जा रही थी। उन्होंने अस्पताल को सील करने की कार्रवाई तक धरना जारी रखने की चेतावनी दी।
विज्ञापन

हंगामे की सूचना पर पुलिस पहुंच गई। थोड़ी देर में डिप्टी सीएमओ डॉ. आरडी कुशवाहा भी टीम के साथ पहुंच गए। उन्होंने पीड़ित परिजनों व अस्पताल के जिम्मेदारों का बयान दर्ज किया। अस्पताल की व्यवस्थाओं और इलाज के मानकों को भी देखा। जिम्मेदारों का कहना है कि पोस्टमार्टम और जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में प्रभारी एसओ विवेक कुमार पांडेय ने बताया कि नवजात का शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मामले में कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने के बाद जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
0
सीएमओ के निर्देश पर अस्पताल पहुंचा था। पीड़ित परिजन और अस्पताल के डाॅक्टर का बयान दर्ज कर लिया गया है। पूरे प्रकरण की जांच के लिए टीम गठित की जाएगी। -डाॅ. आरडी कुशवाहा, डिप्टी सीएमओ
0
सात माह में ही प्रसव होने से नवजात काफी कमजोर थी। मां का अधिक दूध पीने और फेफड़े में चले जाने से उसकी मौत हुई है। बच्ची की हालत गंभीर होने पर परिजनों को दूसरे अस्पताल में ले जाने की सलाह दी गई थी। परिजन नजरअंदाज करते रहे। -डाॅ. मौली पाल, सच्चिदानंद अस्पताल
पोस्टमार्टम के बाद नवजात का शव लेकर पहुंचे तहसील



कप्तानगंज कस्बे के सच्चिदानंद अस्पताल में नवजात की मौत के बाद गुस्साए परिजन सोमवार देर शाम करीब 5:30 बजे पोस्टमार्टम के बाद शव को लेकर तहसील पहुंचे। उन्होंने अस्पताल को सील करने की मांग की। कोई सुनवाई नहीं होने के बाद आक्रोशित परिजन नवजात का शव लेकर जिला मुख्यालय के लिए पैदल ही चल दिए। परिजन अस्पताल व जिम्मेदारों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। हालांकि, प्रशासन जांच व पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई का आश्वासन दे रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें