करीब दो हजार शिक्षकों को तनख्वाह का इंतजार
पडरौना। बेसिक शिक्षा परिषद के स्कूलों में बीते नवंबर व जनवरी में करीब दो हजार नए सहायक अध्यापकों की भर्ती की गई है। परंतु अभी तक इन शिक्षकों का सत्यापन नहीं हो पाया है। इस वजह से इन शिक्षकों को अभी वेतन भी नहीं मिल रहा है। शिक्षामित्र से शिक्षक हुए 96 समायोजित शिक्षकों को ही अभी तक वेतन निर्गत हो सका है। नौकरी पाने वाले शिक्षकों की पहली होली बिना रकम के ही कटेगी।
जिले में 69000 शिक्षक भर्ती के प्रथम चरण में जिले में 249 और द्वितीय चरण में 1806 शिक्षकों की नियुक्ति परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों में की गई। प्रथम चरण की नियुक्ति करीब छह माह बाद भी अभी तक नवनियुक्त शिक्षकों के शैक्षिक प्रमाण पत्रों के अलावा अन्य प्रमाणपत्रों का सत्यापन नही हो सका है। इसके चलते शिक्षामित्र से शिक्षक बने शिक्षकों को छोड़कर किसी शिक्षक को वेतन का भुगतान नहीं हो रहा है। द्वितीय चरण के शिक्षकों की नियुक्ति हुए भी करीब तीन माह होने को है। सत्यापन की स्थिति यह है कि अभी तक प्रथम बैच में नियुक्त शिक्षकों के ही सत्यापन का कार्य पूर्ण नहीं हो पाया है। द्वितीय बैच के शिक्षकों का अभी तक किसी का सत्यापन नही भेजा गया है। सत्यापन की गति यही रही तो शिक्षकों को वेतन पाने में अभी कई महिने और इंतजार करना पड़ सकता है। वेतन नहीं मिलने से इन शिक्षकों की होली का रंग फीका होगा। वेतन नही मिलने से जो शिक्षक अन्य जिलों से यहां आए हैं। उन्हें आर्थिक संकट का समाना करना पड़ा रहा है।
बीएसए विमलेश यादव ने बताया कि जिले के परिषदीय विद्यालयों में तैनात सभी नव नियुक्त शिक्षकों के प्रमाण पत्रों का सत्यापन की प्रक्रिया
31 तक बंद रहेंगे आठवीं तक के स्कूल
पडरौना। शासन के निर्देश पर 23 मार्च से 31 मार्च तक जिले के कक्षा एक से आठवीं तक के सभी विद्यालय बंद रहेंगे। यह जानकारी बीएसए विमलेश कुमार ने दी। उन्होंने बताया कि एक अप्रैल से शासनादेश के मुताबिक विद्यालय संचालित होंगे। इसका उल्लंघन करने वालों पर महामारी एक्ट के तहत केस दर्ज कराया जाएगा।