पडरौना। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की तरफ से मंगलवार को दीवानी न्यायायल सभागार में सेमिनार हुआ। इसमें अधिवक्ताओं को पाक्सो एक्ट के बारे में जानकारी दी गई।
अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/सचिव शैलेंद्र मणि त्रिपाठी ने कहा कि 2012 में कोर्ट की तरफ से एक पाॅक्सो एक्ट पास किया गया था। इस एक्ट के तहत मासूम बच्चे जो यौन उत्पीड़न से पीड़ित हैं, वह अपने मुजरिमों को पहचानकर उन्हें सलाखों के पीछे पहुंचाकर खुद को इंसाफ दिला सकते हैं। इसके बाद उन्होंने प्रोजेक्टर के माध्यम से मौजूद अधिवक्ताओं को पास्को एक्ट के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस दौरान कई अधिवक्ता मौजूद रहे। संवाद