गरीबी के कारण नहीं करा पा रही थी उपचार, सेवा भारती की पहल पर मदद को आगे आए ज्वाइंट मजिस्ट्रेट
अनिरुद्धवां की रहने वाली इस महिला का हीमोग्लोबिन था मात्र 1.7
संवाद न्यूज एजेंसी
कसया। गरीबी, बीमारी व लाचारी के चलते एक मां अपनी दुधमुंही बच्ची के साथ परेशान थी। सेवा भारती की पहल पर सक्रिय हुए ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया। उम्मीद है कि यह प्रयास उसकी जिंदगी को बचा लेगा।
महिला नगर पालिका परिषद कुशीनगर के वार्ड नंबर 20 शहीद भगत सिंह नगर (अनिरूद्धवां) में रहती है। पति मनोज राजभर (30) लकवा ग्रस्त हैं। लंबे समय से बीमार मनोज की आर्थिक हालत खराब है। यह जानकारी राष्ट्रीय स्वंय सेवक संघ की अनुषांगिक संगठन सेवा भारती कुशीनगर इकाई के पदाधिकारियों को मिली तो संगठन से जुड़े सदस्यों का एक दल मनोज राजभर के घर पहुंचा। मनोज से संबंधित जानकारी जुटाई जा रही थी तब पता चला कि मनोज की पत्नी सुधा ने एक बच्ची को जन्म दिया है। सुधा रक्तस्राव से पीड़ित है। दंपती के पास इलाज के लिए न तो धन है और न ही कोई मददगार।
सेवा भारती से जुड़े हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. शुभलाल के कहने पर भाजपा की जिला मंत्री डॉ. सीमा गुप्ता ने सुधा के खून की जांच व अल्ट्रासाउंड कराया। रिपोर्ट चिंताजनक आई क्योंकि हीमोग्लोबिन मात्र 1.7 प्वाइंट था। उसे कुछ और भी समस्याएं हैं। संघ के जिला संघ चालक डॉ. चंद्रशेखर सिंह ने पूरी जानकारी ज्वाइंट मजिस्ट्रेट कसया पूर्ण बोरा को दी। इसके बाद ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने सुधा को तत्काल जिला अस्पताल भिजवाया और रक्त का बंदोबस्त कराया।
परिवार को अनाज के साथ ही साढ़े आठ हजार रुपये की आर्थिक मदद भी की। सोमवार को जिला अस्पताल पहुंचे जिला संघ चालक डॉ.चंद्रशेखर सिंह, राम प्रीति मणि त्रिपाठी, देवेंद्र सिंह ने पहुंचकर महिला के स्वास्थ्य की जानकारी ली। वहीं सेवा भारती के पदाधिकारी ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के इस प्रयास की सराहना कर रहे हैं।
जिला अस्पताल के सीएमएम डॉ. एस के वर्मा ने बताया सोमवार को महिला व बच्ची को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। महिला को बेहतर उपचार दिया जा रहा है। उसे एक यूनिट ब्लड भी चढ़ाया गया है। वहीं बच्ची को एसएनसीयू में भर्ती किया गया है। दोनो की हालत पहले से बेहतर है।