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Kushinagar News: गंडक ने तेज की कटान, बांध पर लगे पत्थर धंसे

Mon, 25 Aug 2025 12:41 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
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नरवाजोत में बचाव कार्य में जुटे मजदूर। संवाद   
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तमकुहीरोड। नरवाजोत में कई दिन सामान्य रहने के बाद गंडक नदी का तेवर शनिवार को रात में अचानक बदल गया। इसके बाद नदी कटान करने लगी। इससे पहले बोल्डर को जाली में भर कर कराए गए बचाव कार्य का एक हिस्सा नदी में धंस गया।
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इससे लोगों में बेचैनी बढ़ गई, इसकी सूचना मिलते ही बाढ़ खंड के अभियंता मौके पर पहुंच गए और देर रात तक क्षतिग्रस्त हिस्से का मरम्मत करा दिया गया और साथ ही बांध की निगरानी बढ़ा दी गई है। नदी की ओर से फसलों को निशाना बनाने का सिलसिला बदस्तूर जारी है। लोगों का कहना कि फसलों को कटान से बचाने के साथ बांध को पूरी तरह सुरक्षित नही बनाया गया तो कभी भी खतरा बढ़ सकता है। सेवरही क्षेत्र में नरवाजोत एक्सटेंशन से अहिरौलीदान तक गंडक नदी बहती हैं जो बांध के किनारे बसे गांवों के लगभग बीस हजार की आबादी के लिए सुरक्षा कवच के समान है, जबकि यह नदी अपनी धारा बदलने के लिए जानी जाती है।
पिछले तीन माह से नरवाजोत बांध के किमी 1.700 पर स्थित ठोकर के साथ उसके अप एंड डाउन स्ट्रीम बचाव कार्य जारी है, जबकि एक सप्ताह में नदी नरवाजोत बांध किमी 0.600 से किमी 1.000 के बीच कटान करके बांध के नए हिस्से को काफी नुकसान पहुंचा चुकी है, यही नही अनेक किसानों की लगभग 50 एकड़ से अधिक भूमि में खड़ी फसल के साथ उपजाऊ भूमि को अपने धारा में विलीन कर चुकी है।
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कई दिन शांत रहने के बाद शनिवार को देर शाम अचानक नदी का तेवर एक बार फिर उग्र हो गया और नदी कटान करने लग, जिससे चार दिन पहले बोल्डर को जाली में भरकर बचाव के लिए कराए गए कार्य का एक हिस्सा नदी में धंस गया और नदी कटान करने लगी है। इससे तटवर्ती गांव वालों में में बेचैनी बढ़ गई। इसकी सूचना मिलते बाढ़ खंड के एसडीओ दीपरतन सिंह, जेई रमेशधर दुबे, जेई सुनील कुमार यादव मौके पर पहुंची और जेसीबी व मजदूरों को लगाकर बोल्डर व जीओ बैग से कटान को रोकने का प्रयास शुरू कर दिया गया, जिसे देर में मरम्मत करा दिया और बांध की बंधे की निगरानी बढ़ा दी गई,क्षेत्र के जिला पंचायत सदस्य शर्मा यादव, केदार सिंह, प्रभु गुप्ता, ध्रुव निषाद, कैलाश सिंह आदि का कहना है कि यह सिलसिला आगे भी जारी रह सकता है। इसलिए बांध की पुख्ता सुरक्षा करना जरूरी है। बाढ़ खंड सेवरही के एसडीओ दीपरतन सिंह का कहना है, फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है और बांध की निगरानी बढ़ा दी गई है।
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