विद्याधर तिवारी
खड्डा। गंडक नदी खड्डा रेता क्षेत्र के गांव मरचहवा, बसंतपुर व शिवपुर की तरफ बढ़ रही है। एक पखवारे में सैकड़ों एकड़ फसल को काटते हुए नदी की मुख्य धारा इन गांवों के करीब तक पहुंच गई है। यही स्थिति बरकरार रही तो बरसात खत्म होने से पहले ही इन तीनों गांवों का वजूद मिट जाएगा। नदी ने तीन साल पहले ही इस क्षेत्र के नरायनपुर व बकुलादह गांव को काट दिया था।
खडडा विकास खंड के आधा दर्जन से अधिक गांव नदी के एकदम किनारे बसे हैं। धारा में परिवर्तन होने के साथ ही इन गांवों की जमीन कटकर नदी में विलीन होती रहती है। वर्ष 2013 में नदी की धारा ने अचानक ही इस क्षेत्र के गांव नरायनपुर और बकुलादह को निशाने पर ले लिया था। पखवारे भर के अंदर इन गांवों का वजूद ही मिट गया। गांव के तमाम कच्चे और पक्के मकान, स्कूल आदि धारा में समा गए थे। इस वर्ष नदी ने मरचहवा, बसंतपुर और शिवपुर को निशाने पर ले लिया है। लगभग 15 दिन से शिवपुर और बसंतपुर गांवों के सामने कटान हो रहा है। धान, गेहूं और गन्ना की फसल समेत खेत नदी में समा चुके हैं। शिवपुर गांव अब नदी में मात्र 600 मीटर दूर है। नदी बसंतपुर और मरचहवा गांव की तरफ भी बढ़ रही है। ग्रामीण बेचन, निजामुद्दीन, जवाहिर, कंचन, छोटेलाल, लल्लन, दसही, ओमप्रकाश आदि बताते हैं कि शिवपुर, बसंतपुर व मरचहवा गांवों के बीच से एक नाला निकला है, यह नदी से थड़ी दूर बचा है। अगर नदी इन नालों तक पहुंची तो तीनों गांवों को कटते देर नहीं लगेगी।