पडरौना। कुशीनगर मेडिकल कॉलेज में डायलिसिस की सुविधा का विस्तार किया गया है। डायलिसिस वार्ड में मशीनों की संख्या 20 से बढ़ाकर 40 कर दी गई है। करीब 2.80 करोड़ रुपये की लागत से हुए विस्तार के बाद अब रोजाना 120 मरीजों को डायलिसिस की सुविधा मिल सकेगी। बुधवार को सांसद विजय कुमार दुबे और सदर विधायक मनीष जायसवाल ने फीता काटकर विस्तारित डायलिसिस वार्ड का शुभारंभ किया।
नई मशीनों के संचालन से डायलिसिस के लिए प्रतीक्षारत मरीजों को राहत मिलने की उम्मीद है। सांसद विजय कुमार दुबे ने कहा कि डायलिसिस जैसी महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सुविधा का विस्तार कुशीनगर के लिए बड़ी उपलब्धि है। इससे किडनी रोगियों को अपने जिले में ही उपचार की सुविधा मिल सकेगी। क्षमता बढ़ने से मरीजों को लंबे समय तक इंतजार नहीं करना पड़ेगा। सरकार का उद्देश्य सरकारी चिकित्सा संस्थानों में आधुनिक संसाधन और बेहतर उपचार सुविधाएं उपलब्ध कराना है, ताकि लोगों को इलाज के लिए दूसरे जिलों का रुख न करना पड़े।
सदर विधायक मनीष जायसवाल ने कहा कि मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए डायलिसिस वार्ड के विस्तार की आवश्यकता लंबे समय से महसूस की जा रही थी। शासन स्तर पर लगातार प्रयास के बाद 20 अतिरिक्त मशीनें उपलब्ध कराई गई हैं। अब कुल 40 मशीनों के संचालन से कुशीनगर के साथ आसपास के जिलों के मरीजों को भी लाभ मिलेगा।मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. चंद्रप्रकाश ने कहा कि जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। डायलिसिस वार्ड के विस्तार से गंभीर किडनी रोगियों को समय पर उपचार उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. केपी गोंड ने बताया कि नई मशीनें लगने से डायलिसिस वार्ड की क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। इससे अधिक मरीजों को समयबद्ध उपचार उपलब्ध कराया जा सकेगा। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. दिलीप कुमार, डायलिसिस विभाग के नोडल अधिकारी डॉ. दीन मोहम्मद, डॉ. वीरेंद्र राम, डीसीडीसी किडनी केयर के मैनेजर कैश अली, टेक्नीशियन अजय गिरी, विजय सिंह, इमरान अंसारी, अजीत कुमार समेत भाजपा नेता आदि मौजूद रहे।