कसया। महापरिनिर्वाण मंदिर में मंगलवार को देश-विदेश से आए बौद्ध श्रद्धालुओं ने श्रद्धा और भक्ति भाव के साथ पूजा-अर्चना की। मंदिर परिसर में पूरे दिन श्रद्धालुओं का आवागमन बना रहा। विभिन्न देशों से पहुंचे बौद्ध अनुयायियों ने भगवान बुद्ध की शयन मुद्रा में स्थापित प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर पुष्प अर्पित किए और मानव कल्याण, विश्व शांति और सुख-समृद्धि की कामना की।
श्रद्धालुओं ने महापरिनिर्वाण मंदिर में बुद्ध वंदना, त्रिशरण और पंचशील का पाठ किया। कई विदेशी पर्यटक और बौद्ध भिक्षु ध्यान साधना में भी लीन दिखाई दिए। मंदिर परिसर में आध्यात्मिक वातावरण के बीच श्रद्धालुओं ने भगवान बुद्ध के उपदेशों को आत्मसात करने का संकल्प लिया। पर्यटकों ने बताया कि कुशीनगर बौद्ध धर्मावलंबियों के लिए अत्यंत पवित्र स्थल है। यहां आकर उन्हें आध्यात्मिक शांति और मानसिक संतोष की अनुभूति होती है। उन्होंने कहा कि भगवान बुद्ध का शांति, अहिंसा और करुणा का संदेश आज भी पूरी दुनिया के लिए प्रासंगिक है। मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आवश्यक इंतजाम किए गए थे। पर्यटन विभाग एवं मंदिर प्रशासन की ओर से आने वाले श्रद्धालुओं को आवश्यक जानकारी और सहयोग उपलब्ध कराया गया। दिनभर भारतीय और विदेशी पर्यटकों का मंदिर परिसर में जमावड़ा लगा रहा।