कप्तानगंज (कुशीनगर)। थाना क्षेत्र के बड़हरा नागा गांव में मंगलवार की शाम को एक घर में रखे रसोई गैस सिलेंडर में रिसाव के चलते लगी आग से सात लोग झुलस गए। झुलसे लोगों में ती लोग इसी परिवार के हैं जबकि दो लड़कियां पड़ोस की रहने वाली हैं। इसके अलावा रिश्तेदारी में आई मां-बेटी भी झुलसी हैं। लपटें देखकर गांव में हाहाकार मच गया। झुलसे लोगों को गोरखपुर मेडिकल कालेज ले जाया गया है।
बड़हरा नागा गांव निवासी कैलाश के घर मंगलवार की सुबह मंसूरगंज स्थित गैस एजेंसी से रसोई गैस का भरा सिलेंडर मंगाया गया था। तत्काल जरूरत नहीं होने के कारण इस सिलेंडर को एक कमरे में रखा गया था। कमरा बाहर से बंद था। शाम को घर के लोग गैस की दुर्गंध आने पर कमरे का फाटक खोलकर चेक करने गए। बताया जाता है कि इस दौरान रौशनी के लिए एक बच्ची लालटेन लेकर वहां पहुंच गई। सिलेंडर से रिसाव के चलते कमरे में गैस फैल गई थी। लालटेन के संपर्क में आते ही अचानक आग लग गई। वहां मौजूद लोग जब तक संभल पाते लपटों की चपेट में आ गए।
इस हादसे में कैलाश की पत्नी 40 वर्षीया उर्मिला, पुत्र 18 वर्षीय अनिल और 10 वर्षीय करन तथा कैलाश की बहन खारा और उसकी पुत्री पुष्पा के अलावा पड़ोसी प्रताप की दो बेटियां 18 वर्षीय आरती और 16 वर्षीया गुड़िया बुरी तरह झुलस गईं। आग की लपटें देख गांव में हाहाकार मच गया। मौके पर पहुंचे लोगों ने एम्बुलेंस मंगाकर झुलसे सभी सात लोगों को सीधे मेडिकल कालेज गोरखपुर के लिए भेज दिया। हादसे की जानकारी होने पर कप्तानगंज के थानाध्यक्ष आरके यादव भी मौके पर पहुंच गए थे। एसओ के अनुसार सिलेंडर लिकेज के चलते हादसा हुआ। आग बुझाकर सिलेंडर को गांव के बाहर खेत में रख दिया गया है। झुलसे लोगों को इलाज के लिए भेजा गया है।