पडरौना। प्राथमिक स्कूलों में सहायक अध्यापक पद पर भर्ती के लिए मंगलवार को जिले में दोपहर बाद काउंसिलिंग शुरू हुई। शाम तक केवल सात आवेदकों ने ही काउंसिलिंग कराई। चयन से वंचित हो रहे तमाम बीटीसी प्रशिक्षित दिन भर डॉयट परिसर में ही जमे रहे।
प्रदेश भर में चल रही 15,000 सहायक अध्यापकों की भर्ती प्रक्रिया में कुशीनगर जिले के लिए 300 सीटें आरक्षित हैं। डेढ़ साल से रुक-रुककर चल रही इस भर्ती प्रक्रिया के लिए पिछले सप्ताह जो नई कट ऑफ मेरिट जारी हुई, उसमें जिले से बीटीसी का प्रशिक्षण प्राप्त किए तमाम आवेदक बाहर हो गए हैं। मंगलवार को डॉयट परिसर में इसके लिए काउंसिलिंग होनी थी। चयन से वंचित हो रहे तमाम आवेदक सुबह ही डॉयट पहुंच गए थे। इनकी मांग थी कि काउंसिलिंग के लिए चयन सूची जारी की जाए। परंतु बेसिक शिक्षा विभाग के अधिकारी इस मामले में कुछ स्पष्ट बता पाने की स्थिति में नहीं थे। दोपहर 12 बजे के बाद शुरू हुई काउंसिलिंग में केवल सात आवेदक ही शामिल हुए। बताया जाता है कि इनमें से चार अनारक्षित श्रेणी के, एक ओबीसी और दो अनुसूचित जाति/जनजाति श्रेणी के थे। काउंसिलिंग के लिए बीएसए कार्यालय के वरिष्ठ लिपिक बीएन तिवारी के अलावा खंड शिक्षाधिकारी विजय प्रकाश यादव, अखिलेश यादव, एसएन त्रिपाठी, शेष बहादुर सरोज और धर्मेंद्र कुमार आदि मौजूद थे।
फर्जी आवेदक के पकड़े जाने की चर्चा
मंगलवार को हुई काउंसिलिंग में एक फर्जी आवेदक के भी पकड़े जाने की चर्चा है। डॉयट परिसर में दिन भर जमा रहे आवेदकों के अनुसार काउंटर पर एक आवेदक ऐसा था जिसका प्रमाण पत्र संदिग्ध था। हल्ला होने पर वह आवेदक बहाना बनाकर वहां से भाग निकला। हालांकि, बेसिक शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने इससे अनभिज्ञता जताई है।