तमकुहीरोड। सेवरही में शासन की ओर से स्वीकृत बस अड्डे के निर्माण में तेजी आ गई है। लोगों का कहना है कि बस अड्डे का निर्माण हो जाने से कस्बे के साथ ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को न केवल बेहतर यातायात की सुविधा मिलेगी, बल्कि लंबी दूरी की बसों के संचालन का मार्ग प्रशस्त हो जाएगा।
यूपी व बिहार सीमा पर स्थित सेवरही महत्वपूर्ण व्यावसायिक केंद्र है। यहां दो दशक पहले किराए के कैंपस में सरकारी बस अड्डे का संचालन शुरू हुआ था। यहां से लखनऊ, कानपुर, वाराणसी, सोनौली समेत अन्य स्थानों के लिए निगम की बसें चलती थीं, लेकिन बाद में इसे बंद कर दिया तो न केवल लंबी दूरी की बसों का संचालन बंद हो गया, बल्कि जगह के अभाव में लोकल रूटों की बसों का परिचालन भी प्रभावित होने लगा।
आज उन्नाव डिपो की एकमात्र बस नियमित कानपुर के लिए चलाई जा रही है। शेष बसें कसया, गोरखपुर, देवरिया के लिए ही चलाई जाती हैं। इतना ही नहीं, जगह के अभाव में इन बसों को सड़क पर ही खड़ा करना पड़ता है। इसके चलते चालक देर शाम आने वाली बसों को चालक तमकुहीराज में रोक देते है, जिससे यात्रियों को अन्य साधनों से सेवरही आना पड़ता है।
हालांकि, बस अड्डे के लिए भूमि अधिग्रहण के बाद चार अप्रैल 2023 को प्रदेश के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने इसका शिलान्यास कर यहां एक भवन के साथ शौचालय का निर्माण भी कराया गया था। 12 मार्च को क्षेत्रीय विधायक डाॅ. असीम कुमार व चेयरमैन सोनिया जायसवाल ने भूमि पूजन कर इसका निर्माण आरंभ कराया। इसके बाद यहां यात्री शेड, तीन तीन सीट वाला महिला पुरुष शौचालय व प्रसाधन, टिकट काउंटर, लंच रूम, यात्री कक्ष, बाउंड्री वाल सहित अन्य सभी जरूरी निर्माण तेजी से कराए जा रहे हैं।