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पशु तस्करी : तुर्कपट्टी और बाॅर्डर के सक्रिय गलियारे पुलिस के रडार पर

Sun, 30 Nov 2025 12:42 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
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कुशीनगर/तुर्कपट्टी। पडरौना के बाद हाईवे और भौगोलिक परिस्थितियों के कारण मुफीद तुर्कपट्टी व बार्डर क्षेत्र के तरयासुजान इलाके का बहादुरपुर पुलिस कप्तान के निशाने पर है। तुर्कपट्टी से लगने वाले कसया के सुनसान इलाके और हाईवे पर पूर्व में सक्रिय रहे गलियारों पर पुलिस कप्तान की कड़ी निगाह है।
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सीओ और एएसपी खुद स्थानीय स्तर पर पहुंच जांच कर रहे हैं, लेकिन एसपी औचक निरीक्षण से हकीकत की पड़ताल कर रहे हैं। पूर्व में इन थाना क्षेत्र में कुछ पुलिसकर्मियों की भूमिका भी संदेहास्पद रही है, ऐसे में एसपी पहले ही यहां के मधुरिया चौकी प्रभारी का स्थानांतरण कर चुके हैं। शुक्रवार को अचानक एसपी तरायासुजान और तुर्कपट्टी थाना क्षेत्र के बिहार से जुड़े बैरियरों पर देर रात तक जमे रहे।
सीएम के निर्देश के बाद एडीजी लॉ एंड आर्डर अमिताभ यश और एडीजी जोन मुथा अशोक जैन के निर्देश के बाद जिस तरह पशु तस्करी के रोकथाम के लिए पुलिस कप्तान केशव कुमार को मिशन में लगाया गया, वह सफल होता दिख रहा है। पुलिस कप्तान के अलग अलग स्तर पर बनी रणनीति ने तस्करों को न केवल रूट बदलने पर मजबूर किया, बल्कि पश्चिम के तस्करों पर सख्ती दिखाते हुए उनके जमानतदारों की धरपकड़ और विवेचकों पर सख्ती दिखाई तो तस्करों की कमर ही टूट गई।
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अब हाईवे से लेकर सीमावर्ती इलाकों तक पुलिस कप्तान ने खुद ग्राउंड जीरो पर जाकर हकीकत परखना शुरू कर दिया। चिन्हित किए गए बैरियर पर पुलिस की कार्यप्रणाली जांच करने के साथ पुलिस कप्तान स्थानीय थानों तक पहुंच रहे हैं। शुक्रवार रात उन्होंने खुद ग्राउंड ज़ीरो पर उतरकर संवेदनशील इलाकों में बनाए गए बैरियरों की जांच की।
उनका यह दौरा अचानक था, ताकि ज़मीनी हकीक़त की सही जानकारी मिल सके। सबसे पहले एसपी केशव कुमार तुर्कपट्टी थाना क्षेत्र पहुंचे, जो तस्करी के लिहाज़ से सबसे संवेदनशील माना जाता है। यहां सीमा क्षेत्र से जुड़े कई रास्तों पर बैरियर लगाए गए हैं। रात करीब 12 बजे के आसपास एसपी ने यहां पहुंचकर बैरियर पर तैनात पुलिसकर्मियों से पूछताछ की, उनके ड्यूटी लॉग चेक किए और वाहनों की जांच-पड़ताल की प्रक्रिया को देखा।
तुर्कपट्टी थाना क्षेत्र पशुओं की तस्करी को लेकर हमेशा चर्चित रहा है। कारण है इसकी भौगोलिक परिस्थिति।राष्ट्रीय राजमार्ग 28 से जुड़े इस थाना क्षेत्र की सीमा कसया, चौरा खास, पटहेरवा,सेवरही, विशुनपुरा व कुबेरस्थान थानों से जुड़ी हैं। क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग भी है। वहीं घाघी नदी और ऐसे सुनसान कई छोटे जंगल है जहां पूर्व में आपराधिक गतिविधियों का बोलबाला रहा है।
इसी थाना क्षेत्र से जुड़े चौरा खास की भी सीमा बिहार के कटेया गोपालगंज और देवरिया से जुड़ती है ऐसे में तुर्कपट्टी और चौरा खास के सुनसान इलाकों में गोवंश को लोड कर तुर्कपट्टी और चौरा खास के इलाके होते हुए भौगोलिक स्थिति का फायदा उठाकर तस्कर आधा घंटे में बिहार चले जाते हैं। इसमें फाजिलनगर पुलिस चौकी भी निष्क्रियता भी सामने आ चुकी है और यहां के पुलिसकर्मियों की निष्क्रिय भूमिका तस्करों के पूरे कारोबार को गति देता है।
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