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जिले में आज से शुरू होगा सक्रिय टीबी खोज अभियान

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जिले में आज से शुरू होगा सक्रिय टीबी खोज अभियान
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दो से 12 जनवरी तक चलेगा यह अभियान
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। टीबी रोगियों को ढूंढकर उन्हें मुफ्त में चिकित्सा सुविधा मुहैया कराने के लिए दो जनवरी से जिले में सक्रिय टीबी खोज अभियान शुरू होगा। यह अभियान 12 जनवरी तक चलेगा। इस कार्य के लिए 208 टीमें बनाई गई हैं। पांच टीमों पर एक सुपरवाइजर को लगाया गया है, जो इनकी निगरानी करेंगे। इसकी जानकारी जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. बीपी नरसरिया ने दी। वह सक्रिय टीबी खोज अभियान को लेकर शुक्रवार को पत्रकारों से मुखातिब थे।
उन्होंने बताया कि इस अभियान के लिए बनाई गई प्रत्येक टीम में दो आशा कार्यकर्ता तथा एक गांव के जागरूक व्यक्ति को जोड़ा गया है, जो टीबी के लक्षणों वाले व्यक्ति के बारे में टीम को बताएगा। इस तरह की कुल 208 टीमें बनाई गई हैं। इनकी निगरानी के लिए कुल 41 सुपरवाइजर लगाए गए हैं। इस अभियान के दौरान पांच लाख सरसठ हजार नौ सौ सात लोगों की टीबी जांच करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
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डीटीओ ने बताया कि इससे पहले 26 दिसंबर से एक जनवरी 2021 तक टीबी हारेगा, देश जीतेगा अभियान के तहत प्रथम चरण संपन्न हुआ है। इसमें मदरसा, नारी निकेतन, बाल संरक्षण आश्रम, अनाथ आश्रम में यह अभियान चलाया गया। इसे सीनियर ट्रीटमेंट सुपरवाइजर और सीनियर लैब सुपरवाइजर की देखरेख में संचालित किया गया। अभियान का तीसरा चरण 13 से 25 जनवरी तक चलाया जाएगा। इस अभियान में निजी डॉक्टर, नर्सिंग होम और अन्य निजी अस्पतालों में टीबी के मरीजों की जांच और जागरूकता संबंधी कार्यक्रम होंगे। इस कार्य के लिए कोऑर्डिनेटर और पब्लिक प्राइवेट मिक्स कोऑर्डिनेटर को दायित्व सौंपा गया है। डीटीओ ने बताया कि इससे पहले दो से 12 नवंबर तक चलाए गए टीबी खोज अभियान में 128 टीबी रोगी मिले थे।
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डीटीओ ने निजी अस्पतालों के डॉक्टरों से अपील की है कि टीबी रोगी मिलने की सूचना क्षय रोग विभाग को अनिवार्य रूप से दें। ऐसा न करने और पकड़े जाने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि टीबी की जांच और इलाज मुफ्त है। सरकार की तरफ से मरीजों को 500 रुपये प्रतिमाह पोषण भत्ता और इलाज करने वाले डॉक्टरों को 500 रुपये प्रति मरीज मिलता है। यह तभी मिल सकता है, जब टीबी रोगियों की सूचना विभाग को नियमित मिलती रहे। इस दौरान नितेश राय, विशाल जायसवाल व अन्य लोग मौजूद थे।
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